24 मार्च 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Viral Video: लखनऊ में भजन बना विरोध का हथियार: नवरात्र में महिलाओं का यूजीसी कानून के खिलाफ प्रदर्शन वायरल

Lucknow Viral Video: लखनऊ के गोमती नगर में नवरात्रि के दौरान महिलाओं ने भजन के जरिए यूजीसी कानून के खिलाफ अनोखा विरोध किया, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है।

2 min read
Google source verification

लखनऊ

image

Ritesh Singh

Mar 24, 2026

भजन के जरिए विरोध, गोमती नगर में महिलाओं का अनोखा प्रदर्शन, वीडियो वायरल (फोटो सोर्स : भाषा WhatsApp News Group)

भजन के जरिए विरोध, गोमती नगर में महिलाओं का अनोखा प्रदर्शन, वीडियो वायरल (फोटो सोर्स : भाषा WhatsApp News Group)

Viral Video UGC Law Protest: देशभर में यूजीसी कानून को लेकर विरोध-प्रदर्शन का दौर जारी है। कहीं छात्र सड़कों पर उतरकर नारेबाजी कर रहे हैं, तो कहीं शिक्षक संगठनों द्वारा धरना-प्रदर्शन किया जा रहा है। इसी बीच राजधानी लखनऊ के गोमती नगर से एक अलग और अनोखा विरोध सामने आया है, जिसने सोशल मीडिया पर तेजी से सुर्खियां बटोर ली हैं।

नवरात्रि के पावन अवसर पर जहां एक ओर शहर में भक्ति और श्रद्धा का माहौल है, वहीं दूसरी ओर महिलाओं के एक समूह ने भजन-कीर्तन के माध्यम से यूजीसी कानून के खिलाफ अपना विरोध दर्ज कराया। इस प्रदर्शन का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है, जिसे लोग अलग-अलग नजरिए से देख रहे हैं।

भजन में छुपा विरोध का स्वर

गोमती नगर में आयोजित इस कार्यक्रम में महिलाएं पारंपरिक वेशभूषा में एकत्रित हुईं और देवी भक्ति के गीत गा रही थीं। लेकिन इन भजनों के बीच उन्होंने यूजीसी कानून को लेकर अपनी नाराजगी भी जाहिर की। महिलाओं ने “यूजीसी कानून ले डूबी बीजेपी” की तर्ज पर गीत गाकर विरोध दर्ज कराया, जो सुनने में भजन जैसा ही प्रतीत होता है, लेकिन उसके शब्दों में राजनीतिक संदेश स्पष्ट झलक रहा था।

इस अनोखे अंदाज ने लोगों का ध्यान खींचा। आमतौर पर विरोध-प्रदर्शन में नारेबाजी, पोस्टर और रैलियां देखने को मिलती हैं, लेकिन यहां भक्ति संगीत के माध्यम से विरोध जताना एक नया प्रयोग माना जा रहा है।

सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल

कार्यक्रम का वीडियो सामने आने के बाद यह तेजी से वायरल हो गया। फेसबुक, व्हाट्सएप और अन्य प्लेटफॉर्म्स पर लोग इसे साझा कर रहे हैं। कुछ लोग इसे रचनात्मक विरोध का उदाहरण बता रहे हैं, तो कुछ इसे धार्मिक आयोजनों का राजनीतिकरण करार दे रहे हैं। वीडियो में साफ देखा जा सकता है कि महिलाएं तालियों और ढोलक की थाप पर भजन गा रही हैं, जबकि गीत के बोलों में सरकार और यूजीसी कानून के खिलाफ संदेश दिया जा रहा है।

देशभर में जारी है विरोध

यूजीसी कानून को लेकर देश के कई हिस्सों में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं। छात्रों और शिक्षकों का एक वर्ग इस कानून को शिक्षा व्यवस्था के लिए नुकसानदायक मान रहा है। उनका कहना है कि इससे विश्वविद्यालयों की स्वायत्तता प्रभावित होगी और शिक्षा के स्तर पर प्रतिकूल असर पड़ेगा। वहीं सरकार का पक्ष है कि यह कानून शिक्षा प्रणाली को अधिक पारदर्शी और प्रभावी बनाने के लिए लाया गया है। लेकिन इसके बावजूद विरोध के स्वर लगातार तेज होते जा रहे हैं।

नवरात्र में विरोध का अलग रंग

नवरात्र के दौरान आमतौर पर लोग पूजा-पाठ और धार्मिक आयोजनों में व्यस्त रहते हैं। ऐसे में इस तरह का विरोध कार्यक्रम लोगों के लिए चौंकाने वाला भी है। महिलाओं ने भक्ति और विरोध को एक साथ जोड़कर एक नया संदेश देने की कोशिश की है।

स्थानीय लोगों का कहना है कि यह प्रदर्शन शांतिपूर्ण था और इसमें किसी प्रकार की अव्यवस्था नहीं हुई। हालांकि, इस तरह के आयोजनों को लेकर बहस जरूर छिड़ गई है कि क्या धार्मिक मंचों का उपयोग राजनीतिक विरोध के लिए किया जाना चाहिए या नहीं।

प्रशासन की नजर

इस वायरल वीडियो के बाद प्रशासन भी सतर्क हो गया है। हालांकि अभी तक इस मामले में किसी तरह की आधिकारिक कार्रवाई की जानकारी सामने नहीं आई है, लेकिन पुलिस पूरे घटनाक्रम पर नजर बनाए हुए है। सूत्रों के अनुसार, प्रशासन यह जांच कर रहा है कि कार्यक्रम के आयोजन की अनुमति ली गई थी या नहीं और क्या इसमें किसी तरह के नियमों का उल्लंघन हुआ है।