
Mayawati
लखनऊ. बहुजन समाज पार्टी सुप्रीमो मायावती किसी भी कीमत पर बगावती तेवर या पार्टी के कामकाज में हिलाहवाली बर्दाश्त नहीं करेंगी। बुधवार को हुई बसपा की बैठक में पार्टी सुप्रीमो ने इस ओर स्पष्ट संकेत दिए हैं। उन्होंने राज्य को चार सेक्टरों में बांटते हुए अलग-अलग नेताओं को जिम्मेदारी सौंपी। उन्होंने इस दौरान कहा कि हर नेता से कामकाज का हिसाब लिया जाएगा। मायावती ने यह भी स्पष्ट किया कि जो ठीक से काम नहीं कर सकते हैं वो अपनी जगह कहीं और देख लें। इसी के साथ उन्होंने एक माह पूर्व संसदीय नेता पद पर नियुक्त किए गए सांसद श्याम सिंह यादव को भी पद से हटा दिया। श्याम सिंह यादव वहीं सांसद हैं जो हाल में सपा के कार्यक्रम में शामिल हुए थे और पार्टी लाइन से अलग बयानबाजी भी की।
श्याम सिंह यादव ने कहा था- नहीं है मुझे किसी का डर
'लौह पुरुष' वल्लभ भाई पटेल की जयंती के मौके पर समाजवादी पार्टी द्वारा आयोजित एक कार्यक्रम में बसपा सांसद श्याम सिंह यादव ने शामिल होकर सियासी गलियारों में भूचाल ला दिया है। वह न सिर्फ पार्टी लाइन से हटकर विरोधी पार्टी में शामिल हुए बल्कि अखिलेश की तारीफ की, साथ ही डंके की चोट पर आगे भी सपा के कार्यक्रम में शामिल होने का ऐलान किया। उन्होंने यह भी कहा था कि वह किसी से नहीं डरते। खुद के सांसद बनने का श्रेय उन्होंने सपा को ही दिया।
लगाए जाने लगे थे कयास-
श्याम सिंह यादव के इस कदम से ही कयास लगाए जा रहे थे बसपा अध्यक्ष उनके खिलाफ कोई कार्यवाही कर सकती है। बुधवार को वहीं हुआ और यादव को बसपा के संसदीय दल नेता के पद से हटा दिया। उनकी जगह मायावती ने एक बार फिर से अमरोहा सांसद दानिश अली को संसदीय दल नेता बनाया हैं।
Published on:
07 Nov 2019 04:15 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
