मुस्लिम पर्सनल लॉ बोर्ड ऑफ इंडिया ने मुल्क के मौजूदा हालात में आस्थाओं के टकराव और देश भर के 50 हजार मंदिरों को तोड़कर मस्जिद बनाने और उन पर दावा करने की चर्चा पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि यह हमारे मुल्क को कहा ले जाकर खड़ा करेगा। इस पर प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को अपना मौन तोडऩा चाहिए। और देश को भरोसा देना चाहिए कि किसी के साथ गलत नही होगा। देश के संविधान,कानून के साथ सभी नागरिकों की धार्मिक आस्था का संरक्षण सहित मुस्लिम समुदाय के इबादतगाहों की प्रकृति व चरित्र में संसोधन नही किया जाएगा यह भरोसा सरकार को आगे आकर देना चाहिये।