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जेल में हो गया नींबू घोटाला,  तीन माह में कैदियों को पिला दिया 36 कुंतल नींबू

Lemon Scam in Jail: बाराबंकी जेल से नींबू घोटाले का बड़ा खुलासा हुआ। इसमें जेल के अधिकारियों ने कैदियों पर मेहरबान होकर 3600 किलो नींबू पिला डाला। उस समय जब नींबू के दाम आसामन पर थे।
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बाराबंकी

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Snigdha Singh

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Updated: 21 May 2022, 11:43 AM IST

Lemon Scam in Barabanki Jail Prisoners Took 3600KG Lemons

Lemon Scam in Barabanki Jail Prisoners Took 3600KG Lemons

बाराबंकी जेल के अधिकारी कैदियों पर खूब मेहरबान हैं। अधिकारी कैदियों के खान-पान की खूब ख्याल भी रख रहे हैं। इसीलिए मात्र तीन महीने में 3600 किलोग्राम यानि 36 कुतंल नींबू कैदियों को पिला डाला। जहां एक तरफ देशभर में नींबू के दाम आसमान छू रहे थे। वैसे अगर आंकड़ा लगाए को 40 किलो नींबू कैदियों के मात्र एक दिन में पिलाया गया। 36 कुंतल नींबू तब पिलाया गया, जब नींबू के दाम सबसे ऊपर थे। अब प्रश्न ये उठता है कि आखिर इतनी महंगाई में इतनी नींबू क्यों पिलाया गया। क्या कैदियों के खान-पान के लिए इतना बजट मिलता है।

दरअसल, इस मामले का खुलासा तब हुआ जब ये मामला बड़े अफसरों तक पहुंचा। जब बाराबंकी की जेल में नींबू घोटाले का खुलासा हुआ को दूसरे जिलों के अधिकारी भी जांच कराने लगे। फिलहाल इस मामले में डीजी जेल आनंद कुमार ने ये जांच डीआईजी संजीव त्रिपाठी को सौंप दिया है। मामले में अधिकारियों का कहना है कि डीआईजी संजीव त्रिपाठी की रिपोर्ट आने के बाद जो भी दोषी होगा, उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

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क्या बोले जेल अधिकारी

नींबू के इल घोटाले पर जेल के अधिकारियों का कहना है कि कोरोना के चलते डॉक्टरों की सलाह पर प्रतिदिन कैदियों के नींबू दिया गया। जब बंदियों को नींबू पिलाय गया, उस समय पर नींबू की कीमत 150 से 200 रुपए में थी। यदि गणित लगाई जाए तो यहां कैदियों को हर दिन आठ हजार से अधिक का तो सिर्फ नींबू पिला दिया गया।

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तीन महीने में सात लाख के नींबू

नींबू की बढ़ती कीमतों की जब हिसाब लगाया गया तो पता चला कि तीन महीनों में सात लाख रुपए से अधिक तो केवल नींबू की खरीदारी हुई है। एक आश्चर्य वाली बात ये है कि जब नींबू का दामों में गिरावट आई तो जेल में भी नींबू का इस्तेमाल कम हो गया। हालांकि अभी जांच रिपोर्ट के बाद मामला साफ होगी।

जेल की कैंटीन में होती है उगाही

जिला कारागार में नींबू का घोटाला तो मात्र एक बानगी है। लेकिन यहां की कैंटीन में हर सामान में कीमत से अदिक उगाही होती है। कीमत से दो-तीन गुना अधिक ऊपर दामों में सामान की बिक्री होती है। रिहा हो चुके कैदियों ने जेल के अंदर चल रहे ऐसे खेलों का खुलासा किया। इस पर अधिकारियों का कहना है कि इस पर जेल के कर्मचारियों से लेकर अधिकारियों तक पूछताछ करेंगे।

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