यूपी की चर्चित लेखिका नासिरा शर्मा को साल 2016 का प्रतिष्ठित साहित्य एकेडमी अवॉर्ड दिया जाएगा। नासिरा को उनके उपन्यास ‘पारिजात’ के लिए इस सम्मान से नवाजा जाएगा। हर साल साहित्य अकादेमी इस पुरस्कार का ऐलान करता है। कुल 24 भारतीय भाषाओं में उत्कृष्ट रचनाओं के लिए इस अवॉर्ड को दिया जाता है।
नासिरा शर्मा हिंदी की प्रसिद्ध कहानीकार और लेखिका हैं। 1948 में इलाहाबाद में जन्मी नासिरा शर्मा को साहित्य विरासत में मिला। नासिरा शर्मा ने फारसी भाषा व साहित्य में एमए किया, उर्दू, अंग्रेज़ी और पश्तो भाषाओं पर उनकी गहरी पकड़ है लेकिन उनके समृद्ध रचना संसार में दबदबा हिंदी का ही है। ईरानी समाज और राजनीति के साथ-साथ उन्हें साहित्य, कला व सांस्कृतिक विषयों का भी विशेषज्ञ माना जाता है। पिछले साल लखनऊ में भी उन्हें सम्मानित किया गया था। लखनऊ से उनका पुराना नाता रहा है। यहां कई कार्यक्रमों में उन्होंने हिस्सा लिया है।
1954 में अपनी स्थापना के समय से ही साहित्य अकादेमी प्रमुख भाषाओं में से प्रत्येक में प्रकाशित सर्वोत्कृष्ट साहित्यिक कृति को यह पुरस्कार प्रदान करती है। पहली बार ये पुरस्कार 1955 में दिए गए थे। इस वर्ष साहित्य अकादमी का प्रतिष्ठित पुरस्कार हिन्दी के लिए नासिरा शर्मा, उर्दू के लिए निज़ाम सिद्दीकी, अंग्रेजी के लिए जेरी पिंटो और संस्कृत के लिए सीतानाथ आचार्य शास्त्री सहित 24 भाषाओं के रचनाकारों को देने का बुधवार को ऐलान किया गया।