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New Technique in building construction: रोबोट (Robot) बनाएंगे Future House, महज़ कुछ घण्टों में तैयार होंगे eco-friendly मकान

भविष्य के घर (Future House) अब ज्यादा आसान और सुविधाजनक से बन सकेंगे। जहाँ ये घर मजबूत और ईको-फ्रेंडली (eco-friendly) होंगे वहीं इनकी लागत भी बेहद कम होगी। जी हाँ रोबोट (Robot) की सहायता से तैयार होने वाले ये घर (building construction) महज़ डेढ़ लाख रुपये की लागत से तैयार हो जाएंगे वो भी महज़ कुछ ही घण्टों में। इतना ही नहीं ये घर भूकंपरोधी (Earthquake Resistant) भी होंगे और मजबूत इतने की बाढ़, बारिश और आँधी-तूफान का इन पर कोई असर नहीं होगा।

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लखनऊ. राजधानी के (Lucknow) के इंदिरा गाँधी प्रतिष्ठान (Indira Gandhi Pratishthan) में आज़ादी के 75वें अमृत महोत्सव के उपलक्ष्य में "अर्बन इंडिया: ट्रांसफॉर्मिंग अर्बन लैंडस्केप एक्सपो" (New Urban India: Transforming Urban Landscape Expo) का आयोजन किया जा रहा है। इस एक्सपो में भविष्य की भवन निर्माण तकनीकों से परिचय कराया जा रहा है। इसमें IIT के वैज्ञानिक, केन्द्रीय भवन अनुसंधान संस्थान (CSIR-CBRI) के वैज्ञानिकों ने भवन निर्माण (building construction) की नयी तकनीकों (New Technique) की जानकारी दी।

"अर्बन इंडिया: ट्रांसफॉर्मिंग अर्बन लैंडस्केप एक्सपो"

एक्सपो में आये वैज्ञानिकों के मुताबिक भविष्य के मकान आदमी नहीं बल्कि रोबोट बनाया करेंगे। जहाँ ये मकान बेहद सस्ते और मजबूत होंगे वहीं इन्हें बनाने में महीने या साल नहीं लगेंगे बल्कि छोटे मकान कुछ ही घण्टों में तो ज्यादा बड़े मकान कुछ दिनों में बनाये जा सकते हैं। वैज्ञानिकों के मुताबिक 250 से 450 वर्गफीट तक के मकान महज़ कुछ ही घण्टों में तैयार किये जा सकते हैं। मॉडल के तौर पर इस तकनीक का इस्तेमाल भी किया जा चुका है और इनमें से कुछ को अनुमति भी दी जा चुकी है। इन घरों में जो मैटेरियल प्रयोग किये जाएंगे वो हैं चावल की भूसी, प्लास्टिक, लकड़ी, प्राकृतिक फाइबर आधारित लैमिनेट, पैनल शीट, जूट, सीमेंट बोर्ड और पैनल, कंक्रीट, प्लाइवुड, वेनीर, फ्लाई ऐश और ईंट।

केन्द्र सरकार के आवास एवं विकास मंत्रालय की ओर से चल रहे इस 75वें अमृत महोत्सव में 75 नयी तकनीकों पर चर्चा की जा रही है। इनमें से कई तकनीक ऐसी हैं जिन्हें केन्द्र सरकार की संस्तुति भी मिल चुकी है।