नए अध्यक्ष के रूप बोलते हुए अखिलेश यादव ने सब का अभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि कुछ लोग पार्टी तोडऩे की कोशिश कर रहे थे। मेरे और मेरे पिता के बीच में दूरियां पैदा कर रहे थे। ऐसे लोग पार्टियां तोड़ सकते हैं लेकिन रिश्ते नहीं। मैं उनका बेटा हूं और वे मेरे पिता हैं। यह रिश्ता कभी नहीं टूट सकता। हम अध्यक्ष रहें या न रहें, लेकिन, हम सरकार बनाएंगे तो सबसे ज्यादा खुशी नेताजी मुलायम सिंह यादव को होगी।