
राजस्थान विधानसभा 2018 में सपा ने अकेले चुनाव लड़ा था
राजस्थान में इस साल के आखिर में विधानसभा का चुनाव होना है। कांग्रेस किसी तरह से सत्ता में वापसी का रास्ता तलाश रही है। इस बीच समाजवादी पार्टी की तरफ से किया गया ऐलान पार्टी के लिए मुश्किलें खड़ी कर सकता है।
क्या कहा है सपा ने?
समाजवादी पार्टी के विधायक और राजस्थान के प्रभारी रविदास मेहरोत्रा ने साफ कहा है कि सपा इस साल होने जा रहे विधानसभा चुनाव में सभी 200 सीटों पर लड़ेगी। उन्होंने कहा है कि सपा इसके लिए लगातार मेहनत कर रही है। उन्हें उम्मीद है कि पार्टी बेहतरीन प्रदर्शन राजस्थान में करेगी।
कांग्रेस के लिए क्यों बन सकती है चुनौती?
राजस्थान के हरियाणा और यूपी के पास के इलाकों, खासतौर से यादव और मुसलमानों के बीच राजस्थान में सपा का संगठन है। ऐसे में समाजवादी पार्टी पूरी ताकत से लड़ी तो कई सीटों पर वो कांग्रेस के लिए मुश्किल खड़ी कर सकती है।
राजस्थान में हर 5 साल में सरकार बदल जाने की रिवायत रही है। ऐसे में कांग्रेस के लिए वापसी आसान नहीं है। दूसरी तरफ कांग्रेस के 2 बड़े नेता सचिन पायलट और सीएम अशोक गहलोत के बीच गुटबाजी भी किसी से छुपी नहीं है। ऐसे में सपा अगर राजस्थान की सभी सीट पर उतरी को कांग्रेस के साथ खेल हो जाएगा।
पिछले चुनाव का बदला लेना चाहेगी सपा
राजस्थान में 2018 में हुए विधानसभा चुनाव में सपा ने कांग्रेस से गठबंधन कर चुनाव लड़ने की तैयारी की थी। कांग्रेस की ओर से जब उम्मीदवारों की लिस्ट जारी कर दी गई तो गठबंधन टूट गया। इसके बाद सपा ने अपने बूते कुछ सीटों पर चुनाव लड़ा लेकिन कोई सीट जीतने में सफल नहीं हो सकी। सपा ने बीते चुनाव में कांग्रेस पर गठबंधन मे धोखा करने का आरोप लगाया था, ऐसे में इस दफा पार्टी इस धोखे का बदला भी लेना चाहेगी।
Published on:
24 Mar 2023 02:52 pm
बड़ी खबरें
View Allलखनऊ
उत्तर प्रदेश
ट्रेंडिंग
