13 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

चाय के शौकीन हैं आप तो ये खबर आपके लिए जरूरी है

चाय के शौकीन हैं आप तो ये खबर आपके लिए जरूरी है

2 min read
Google source verification

लखनऊ

image

Ruchi Sharma

Oct 14, 2019

चाय पीने के शौकीन हैं तो ध्यान रखें ये खास बातें

सेहत के नजरिए से देखा जाए तो चाय व्यक्ति को आलसी बनाने के साथ ही कई रोगों की गिरफ्त में भी ले आती है। जानें इसके कुछ अन्य नुकसानों के बारे में-

लखनऊ. बिगड़ते मौसम में कई बार जब हमारी तबियत बिगड़ जाती है तो हमें सलाह दी जाती है कि गरमागरम चाय पीने की। वहीं आज के समय में चाय सभी की जरूरत है। आप किसी के यहां जाएं, स्वागत चाय से ही होता है। अब तो ग्रामीण इलाकों में भी चाय का प्रचलन बहुत बढ़ गया है। किसी से कोई चर्चा करनी हो तो चाय के साथ ही होती है। राजधानी लखनऊ की बात करें तो चाय के शौकीन लोगों में शायद ही कोई ऐसा व्यक्ति होगा जिसे शर्मा जी की चाय का पता न हो। शर्मा की चाय लखनऊ के लाल बाग में स्थित है। चाय के साथ बन-मक्खन और समोसा खाने वालों की यहां सुबह से शाम भीड़ लगी रहती है, लेकिन चाय बनाना बच्चों का खेल नहीं है। आज हम आपको बताएंगे चाय बनाने के नए तरीके..


-अगर आप लीफ़ टी या ग्रीन टी का शौक रखते हैं तो आपको टी बैग नहीं बल्कि खुली पत्तियों का इस्तेमाल करना चाहिए। दरअसल टी बैग चाय में रंग तो अच्छा देते हैं लेकिन स्वाद को मार देते हैं।

-खुली पत्तियों के इस्तेमाल का मतलब यह नहीं है कि आपको पत्तियों को पानी में उबालना ही होगा। आजकल मार्केट में इंफ्युज़र बास्केट मिलते हैं और अगर आप एक कप चाय ही बनाना चाहते हैं तो आसानी से बना सकते हैं।

-अच्छी चाय की दूसरी शर्त होती है अच्छा पानी। अगर आपके इलाक़े में पानी हार्ड यानि भारी है तो आप फ़िल्टर इस्तेमाल कर सकते हैं। भारी पानी में कई तरह के मिनरल की मात्रा ज़्यादा होती है। इस पानी के इस्तेमाल से कई बार आपके चाय के कप में चिकनाई तैरती हुई नज़र आ सकती है।

-अलग अलग चाय बनाने के लिए पानी का तापमान भी अलग अलग होता है। मसलन अगर आप काली पत्ती से बनने वाली गोल्डन रंगी की दूध चीनी की चाय पीते हैं तो चाय को जम के उबलने दें, लेकिन अगर आप ग्रीन टी पीते हैं तो पानी का तापमान 70-80 डिग्री सैल्सियस से ज़्यादा नहीं होना चाहिए।