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लखनऊ की मुन्नी देवी ने खेती की कमाई से नदी के किनारे बनाया मकान, राजनीति में देती हैं दखल

International Day Of Rural Woman लखनऊ की मुन्नी देवी ने खेती की कमाई से नदी के किनारे बनाया मकान, राजनीति में देती हैं दखल
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लखनऊ

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Ruchi Sharma

Oct 15, 2017

munni devi

munni devi

लखनऊ. इरादे बुलंद हों और जज्बा अपार तो मुफलिसी आड़े नहीं आती। ये लाइन राजधानी के बख्शी का तालाब की रहने वाली मुन्नी देवी पर सटीक बैठती है। कठवारा गांव की रहने वाली मुन्नी देवी गांव की राजनीति में सक्रिय रहने के साथ साथ खेती का काम भी खुद संभालती हैं। शिक्षा के नाम पर बस वह अपनी हस्ताक्षर कर लेती है, लेकिन अनुभव की बात करें तो अच्छी खासे पढ़ें लिखे लोग उनका सामना नहीं कर पाते है। करीब १२ साल पहले मुन्नी देवी कठवारा गांव से क्षेत्र पंचायत सदस्य बीडीसी का चुनाव जीती थीं। घर के कामकाज संभालने के साथ ही खेतों में बोवाई से लेकर सिंचाई अौर फसल तैयार करने तक का काम खुद ही संभालती हैं।

खेती करके बना लिया मकान

मुन्नी देवी के मुताबिक खेती करने के साथ वह पशुपालन के साथ से होने वाली आमदनी से वह खुश हैं। इस आमदनी से मुन्नी देनी ने गांव में मकान बनाने का साथ ही नदी किनारे अपने खेत में एक मकान भी बना लिया है। वह बताती हैं कि खेत में मकान होने से फसल की रखवाली अौर खेती का कामकाज समय से व सहजता से हो जाता है।

लड़ी थी जिला पंचायत चुनाव

मुन्नी देवी पति अौर पांच लड़के हैं। वह अपना हर काम तन्यमता से करती है। राजनीति में क्षेत्र पंचायत का कार्यकाल समाप्त होने के बाद गांव की प्रधानी के चुनाव में वह महज ६८ वोटों से चुनाव हार गई। प्रधानी के बाद जिला पंचायत का चुनाव लड़ा पर सफलता नहीं मिल सकी, लेकिन इस चुनाव में डेढ हजार के करीब वोट हासिल किए।

43 प्रतिशत महिलाएं कृषि श्रमिक रूप में करती हैं काम

बता दें कि विश्व भर में हर साल 15 अक्टूबर को अंतरराष्ट्रीय ग्रामीण महिला दिवस (International Day Of Rural Woman) मनाया जाता है। इस दिवस का उद्देश्य कृषि विकास, ग्रामीण विकास, खाद्य सुरक्षा और ग्रामीण गरीबी उन्मूलन में ग्रामीण महिलाओं के महत्व के प्रति लोगों को जागरूक करना हैं। गौरतलब है कि विकासशील देशों में लगभग 43 प्रतिशत महिलाएं कृषि श्रमिक के रूप में कार्य करती हैं और खाद्य क्षेत्र से जुड़ी रहती हैं।