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UP Budget 2018 – उत्तर प्रदेश बजट भाषण के प्रमुख अंश

प्रदेश के वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल ने उत्तर प्रदेश सरकार के लिए वित्तीय वर्ष 2018-2019 का बजट सदन में प्रस्तुत किया।
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लखनऊ

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Laxmi Narayan Sharma

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Updated: 16 Feb 2018, 1:41 PM IST

up budget 2018

लखनऊ। प्रदेश के वित्त मंत्री राजेश अग्रवाल ने उत्तर प्रदेश सरकार के लिए वित्तीय वर्ष 2018-2019 का बजट सदन में प्रस्तुत किया। बजट भाषण के प्रमुख अंश इस तरह हैं -

- मुझे पूर्ण विश्वास है कि स्वास्थ्य, शिक्षा, रोजगार , गाँव, शहर, गरीबों और किसानों के साथ महिलाओं के कल्याण अर्थात सर्व समाज को स्वर्णिम काल में ले जाने में हम पूरी तरह सफल होंगे।

- वित्तीय संसाधनों को बढ़ाये जाने तथा अर्थपूर्ण संस्तुतियां उपलब्ध कराये जाने के निमित्त संसाधन समिति का गठन कर समीक्षा की गई।

- देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की प्रेरणा से भारत सरकार से विभिन्न योजनाओं में मिलने वाली धनराशियों से कृषि, पशुपालन, चिकित्सा एवं स्वास्थ्य, पुलों, एवं सडकों का निर्माण, मेट्रो परियोजना, बीमा योजना, शिक्षा एवं महिला सशक्तिकरण, विद्युतीकरण, इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलमपेंट की योजनाओं के वित्त पोषण में सहायता मिलेगी।

- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के जनता दर्शन में प्रदेश के कोने-कोने से आये लोगों की समस्याओं की सुनवाई करके उसका प्रभावी निस्तारण सुनिश्चित किया जाता है। इंटीटरेटेड ग्रिवांस रेड्रेसल सिस्टम पर अब जनता जिलाधिकारी और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के साथ-साथ जनपद, तहसील, ब्लॉक व थानास्तरीय अधिकारियों के पास शिकायत सीधे ऑनलाइन दर्ज करा सकेगी। जन सुनवाई प्रणाली में जनपद स्तर पर लगभग 15 हज़ार अधीनस्थ अधिकारियों शामिल किया गया है।

- उत्तर प्रदेश पूरे भारत में जीएसटी व्यवस्था के अंतर्गत सर्वाधिक राजस्व वृद्धि वाला राज्य बन रहा है।

- पंजीकृत व्यापारियों के लिए जोखिम जीवन व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा योजना लागू की गई है। कृषि उत्पादों तथा बीज, आवश्यक खाद्य सामग्रियों को जीएसटी से मुक्त रखा गया है। कृषि में प्रयोग होने वाले हस्तचालित यंत्र , आर्गेनिक खाद, कृषि एवं पशुपालन से सम्बंधित अधिकांश सेवाएं करमुक्त रखी गई है।

- साल 2022 तक प्रदेश के किसानों की कृषि आमदनी को दो गुना करने के लिए रोड मैप तैयार कर बढ़ना प्रारम्भ कर दिया गया है। प्रदेश में जैविक खेती को बढ़ावा देने के लिए जैविक प्रमाणीकरण संस्था का गठन किया गया है। लगभग एक करोड़ 29 लाख 42 हज़ार किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड वितरित किये गए हैं।

- किसान उदय के अंतर्गत किसान ऊर्जा दक्ष कृषि पम्प आवंटन योजना का शुभारम्भ किया गया। प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के तहत खरीफ 2017 में 25 लाख 22 हज़ार कृषकों की 24 लाख 66 हज़ार हेक्टेयर फसल का 9 हज़ार 7 सौ 13 करोड़ 29 लाख रूपये का बीमा कराया गया तथा रबी फसल में बीमा कराया जा रहा है।