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गांवों में अस्पताल खोलने पर 10 लाख का अनुदान देगी यूपी सरकार

निजी अस्पतालों को सस्ती दरों पर लोन और अन्य सुविधाएं भी देने की तैयारी...
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लखनऊ

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Hariom Dwivedi

•

Oct 07, 2017

yogi adityanath

लखनऊ. उत्तर प्रदेश सरकार गांवों में अस्पताल खोलने पर डॉक्टरों को 10 लाख का अनुदान देगी। साथ ही निजी अस्पताल को सस्ती दरों पर बैंकों से लोन व अन्य सुविधाएं भी देने की तैयारी में है। विभागीय अधिकारियों की मानें तो इस महत्वाकांक्षी योजना का प्रस्ताव तैयार कर जल्द ही कैबिनेट की मंजूरी के लिए भेजा जाएगा। उत्तर प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री सिद्धार्थनाथ सिंह ने कहा कि सरकार का लक्ष्य जल्द से जल्द गांव, कस्बे और दूरस्थ क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाओं को पहुंचाना है। इसके लिए सरकार निजी क्षेत्रों के सहयोग से प्रदेश में जल्द ही योजनाएं लागू करेगी।

सरकार सभी को सुगम स्वास्थ्य सेवाएं सुलभ कराने के उद्देश्य से महत्वपूर्ण योजना पर काम कर रही है। गांव-कस्बों में बनने वाले ये अस्पताल दो बेड से लेकर 10 बेड तक हो सकते हैं, जिन्हें सरकार 10 लाख तक का अनुदान मुहैया कराएगी। इसके अलावा यूपी सरकार दवा व अन्य उपकरणों को कंपनी से खरीदकर इन अस्पतालों को उपलब्ध कराएगी। साथ ही स्टाफ ट्रेनिंग की व्यवस्था भी सरकार करेगी। जानकारों का मानना है कि इस महत्वाकांक्षी योेजना के सफल क्रियान्वयन से सभी ( गांव और कस्बों ) के लिए सस्ता और सुलभ इलाज उपलब्ध होगा।

स्वास्थ्य केंद्रों की जरूरत
उत्तर प्रदेश के ग्रामीण इलाकों में स्वास्थ्य सेवाओं की हालत बदतर है। नेशनल हेल्थ मिशन 2015 के आंकड़ों की मानें तो उत्तर प्रदेश के ग्रामीण इलाकों के लिए 31,037 उप स्वास्थ्य केंद्रों की आवशकता है, जबकि मौजूदा संख्या सिर्फ 20,521 ही है। ऐसे ही यूपी में 5,172 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों की जरूरत है, जिनकी वर्तमान संख्या 3692 ही है। वहीं यूपी में अभी 778 स्वास्थ्य केंद्रों की जरूरत है।

स्वास्थ्य कर्मियों की भारी कमी
नेशनल हेल्थ मिशन 2015 के आंकड़ों के मुताबिक, उत्तर प्रदेश में 1749 महिला और 18792 पुरुष स्वास्थ्यकर्ताओं की कमी है। इसके अलावा प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पर डॉक्टर (831), सामुदायिक केंद्र पर विशेषज्ञ (320), लैब टेक्नीशियन (2371) और नर्सिंग स्टाफ (4670) की बड़ी मात्रा में कमी है।