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UP Panchayat Chunav 2026: क्या इस बार EVM से होंगे यूपी पंचायत चुनाव 2026? वायरल खबर से मचा हड़कंप

उत्तर प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव 2026 समय पर नहीं होने की आशंका बढ़ गई है। पंचायत प्रतिनिधि संगठन कार्यकाल बढ़ाने और मौजूदा प्रतिनिधियों को प्रशासक बनाने की मांग कर रहे हैं।

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लखनऊ

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Anuj Singh

May 16, 2026

EVM खरीदने की चर्चा के बीच UP पंचायत चुनाव पर बड़ा अपडेट

EVM खरीदने की चर्चा के बीच UP पंचायत चुनाव पर बड़ा अपडेट Source- Patrika

UP Panchayat Chunav 2026: उत्तर प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव समय से नहीं हो पा रहे हैं। इससे पंचायती राज व्यवस्था प्रभावित हो रही है। पंचायत प्रतिनिधि संगठनों ने अब चुनाव में देरी को लेकर जोरदार दबाव बनाना शुरू कर दिया है।

प्रतिनिधियों की मुख्य मांग

प्रतिनिधि संगठन पंचायतों का कार्यकाल बढ़ाने की मांग कर रहे हैं। साथ ही, पंचायतों में प्रशासक समिति बनाने और मौजूदा प्रतिनिधियों को ही प्रशासक नियुक्त करने की बात कह रहे हैं। वे इसे हर स्तर पर उठा रहे हैं ताकि चुनाव देरी से होने पर भी कामकाज सुचारू रूप से चलता रहे।

सोशल मीडिया पर वायरल खबर

इसी बीच एक खबर सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही है। इसमें दावा किया जा रहा है कि यूपी पंचायत चुनाव 2026 ईवीएम से होंगे। वायरल नोटिफिकेशन में कहा गया है कि 1.40 लाख ईवीएम मशीनें खरीदने का आदेश जारी किया गया है। यह भी बताया जा रहा है कि अब यूपी में निकाय चुनाव भी ईवीएम से कराए जाएंगे। राज्य निर्वाचन आयोग की उप निर्वाचन आयुक्त शेरी ने सभी जनपदों से बैलेट यूनिट और कंट्रोल यूनिट की ई-निविदा मांगी है। हालांकि, अभी तक पंचायत चुनाव को लेकर ईवीएम के इस्तेमाल की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है। सोशल मीडिया पर फैली यह जानकारी आधिकारिक पुष्टि के बिना ही वायरल हो रही है।

हाईकोर्ट में सुनवाई

पंचायत चुनाव समय पर कराने की मांग को लेकर इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई है। गुरुवार को इस याचिका पर सुनवाई हुई। इससे पहले यह सुनवाई 5 बार टल चुकी है। अब जस्टिस अतुल श्रीधरन और जस्टिस सिद्धार्थ नंदन की डिवीजन बेंच इस मामले की सुनवाई करेगी। यूपी राज्य निर्वाचन आयोग ने कोर्ट में अपना जवाब पहले ही दाखिल कर दिया है।

कार्यकाल खत्म होने वाला है

पंचायतों का मौजूदा कार्यकाल 26 मई को खत्म हो रहा है। अगर समय पर चुनाव नहीं हुए तो पंचायतों में प्रशासक लगाए जा सकते हैं। प्रतिनिधि संगठन यही चाहते हैं कि चुनाव में देरी होने पर उन्हें ही प्रशासक बनाया जाए। वहीं सरकार और निर्वाचन आयोग चुनाव की तैयारियों पर काम कर रहे हैं। ईवीएम को लेकर सोशल मीडिया पर फैली अफवाह और हाईकोर्ट में चल रही सुनवाई के बीच पंचायत चुनाव को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। आम जनता और पंचायत प्रतिनिधि दोनों ही समय पर चुनाव कराए जाने की उम्मीद कर रहे हैं।