Quick Read: प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना में राशनकार्ड धारकों को दो माह मिलेगा मुफ्त गेहूं

कोरोना काल में शुरू की गई प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत अब अगले दो महीने राशनकार्ड धारकों को मुफ्त में सिर्फ गेहूं ही मिलेगा। इस योजना में हर माह राशनकार्ड धारकों को एक बार सब्सिडी वाला राशन मिलता है, जबकि दूसरी बार मुफ्त राशन दिया जाता है।

By: Karishma Lalwani

Updated: 10 Sep 2021, 03:06 PM IST

दो माह राशनकार्ड धारकों को मुफ्त गेहूं

लखीमपुर खीरी. कोरोना काल में शुरू की गई प्रधानमंत्री गरीब कल्याण योजना के तहत अब अगले दो महीने राशनकार्ड धारकों को मुफ्त में सिर्फ गेहूं ही मिलेगा। इस योजना में हर माह राशनकार्ड धारकों को एक बार सब्सिडी वाला राशन मिलता है, जबकि दूसरी बार मुफ्त राशन दिया जाता है। जिले में कुल आठ लाख राशनकार्ड हैं। इनमें खाद्य सुरक्षा और अंत्योदय के कार्ड शामिल हैं। राशनकार्ड धारकों को तीन किलो गेहूं और दो किलो चावल दिया जा रहा है। कोरोना काल में जब लोगों के सामने रोजी-रोटी का संकट था उस समय सरकार ने प्रधानमंत्री गरीब कल्याण अन्न योजना शुरू की थी ताकि कोई भूखा न रहे। माह के पहले पखवारे में सब्सिडी का राशन दो रुपया प्रति किलो गेहूं और तीन रुपया प्रतिकिलो की दर से चावल दिया जाता है। कुल पांच किलो राशन प्रति यूनिट दिए जाने की व्यवस्था है। अब माह के दूसरे पखवारे में मिलने वाले मुफ्त राशन में सिर्फ पांच किलो गेहूं मुफ्त मिलेगा, जबकि सब्सिडी पर मिलने वाले राशन में पुरानी व्यवस्था ही लागू रहेगी।

16 सितंबर से खुल सकते हैं आंगनबाड़ी केंद्र

लखनऊ. बेसिक शिक्षा परिषद के कक्षा 1 से 5 तक के स्कूलों का संचालन शुरू होने के बाद अब आंगनबाड़ी केंद्र भी 16 सितंबर से खुल सकते है। प्रदेश में कोरोना की पहली लहर के साथ ही मार्च 2017 के दूसरे सप्ताह से करीब 1.89 लाख आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन बंद कर दिया गया था। नई शिक्षा नीति के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों को प्री-प्राइमरी स्कूलों के रूप में संचालित करने का प्रावधान किया है। बेसिक शिक्षा विभाग ने बीते वर्ष से ही आंगनबाड़ी केंद्रों को प्री-प्राइमरी स्कूल के रूप में संचालित करने की तैयारी शुरू कर दी थी। आंगनबाड़ी केंद्रों में अवस्थापना सुविधाएं मुहैया कराने के साथ वहां के लिए पाठ्यक्रम भी निर्धारित किया गया। प्रदेश सरकार की ओर से कोरोना संक्रमण के चलते आंगनबाड़ी केंद्रों का संचालन भी 15 सितंबर तक बंद किया गया था। बेसिक शिक्षा विभाग ने 16 सितंबर से आंगनबाड़ी केंद्रों का कोविड प्रोटोकॉल के तहत संचालन शुरू करने का संकेत मिलने के बाद प्री-प्राइमरी स्कूलों के संचालन की तैयारी शुरू की है।

पत्नी ने रखा तीज व्रत, पति ने दी मौत

कुशीनगर. उत्तर प्रदेश के कुशीनगर जिले में यहां रामकोला क्षेत्र के देवरिया बाबू गांव में एक 28 वर्षीय व्यक्ति बीरबल ने गुरुवार की देर रात अपनी पत्नी की कुल्हाड़ी से गला काटकर हत्या कर दी। सूचना मिलने पर शुक्रवार सुबह मौके पर पहुंची पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। मौके पर एएसपी और सीओ खड्डा पहुंच कर परिजनों से मिले और घटना की जानकारी ली। एएसपी अयोध्या प्रसाद ने कहा कि पुलिस शीला की हत्या के लिए पति को ही जिम्मेदार मानकर चल रही है। परिजनों को घटना की जानकारी शुक्रवार सुबह हुई, जब बीरबल की मां सोमारी देवी बेटे के कमरे में उसे जगाने गई। कमरे का दरवाजा खुला हुआ था। अंदर का दृश्य देख चौंक गई। शोर सुनकर परिजन घटनास्थल पर पहुंचे तो शीला का शव बिस्तर के नीचे जमीन पर पड़ा था। देखते ही देखते आस पास के लोगों की भीड़ जुट गई। इसके बाद पुलिस को सूचना दी गई।

21 ट्रेनों का समय बदला

गोरखपुर. रेलवे बोर्ड ने गोरखपुर के रास्ते 14009/14010 आनंद विहार टर्मिनस- बापूधाम मोतिहारी साप्ताहिक स्पेशल एक्सप्रेस को सप्ताह में दो दिन चलाने की घोषणा की है। 10 सितंबर को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से रेल राज्य मंत्री इस ट्रेन का शुभारंभ करेंगे। मुख्य जनसंपर्क अधिकारी पंकज कुमार स‍िंह के अनुसार पहले दिन यह ट्रेन बापूधाम मोतीहारी-आनंद विहार टर्मिनस के बीच 05595 नंबर से चलाई जाएगी। जो अपराह्न तीन बजे रवाना होकर गोरखपुर से रात 8.25 बजे छूटकर दूसरे दिन दोपहर 12.15 बजे आनन्द विहार टर्मिनस पहुंचेगी।

एनआईआरएफ रैंकिंग में आईआईटी कानपुर की पांचवी रैंक

कानपुर. शिक्षा, शोध और तकनीक के दम पर भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान (आईआईटी) कानपुर ने नेशनल इंस्टीट्यूशनल रिसर्च फ्रेमवर्क (एनआईआरएफ)-2021 में एक पायदान की छलांग लगाई है। संस्थान को ओवरआल कैटेगरी में पांचवां स्थान मिला है, जबकि पिछले साल छठवीं रैंकिंग थी। शिक्षा मंत्रालय की ओर से गुरुवार को एनआईआरएफ-2021 जारी की गई। इसमें देश भर के विश्वविद्यालय, तकनीक, चिकित्सा, प्रबंधन, ला, शोध समेत अन्य संस्थानों की रैंकिंग की जानकारी है। ओवरआल कैटेगरी में सबसे ऊपर आइआइटी मद्रास है। उसके बाद इंडियन इंस्टीट्यूट आफ साइंस, आइआइटी मुंबई, आइआइटी दिल्ली, आइआइटी कानपुर, आइआइटी खडग़पुर, आइआइटी रुड़की, आइआइटी गुवाहटी आदि क्रमवार हैं। मैनेजमेंट कैटेगरी में प्रदेश में आइआइटी कानपुर सबसे ऊपर है।

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