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कौन था विवेक तिवारी, जिसे यूपी पुलिस ने सर पर मारी गोली और कर दी हत्या

विवेक तिवारी को 28 सितंबर की देर रात लखनऊ में पुलिस कॉन्स्टेबल द्वारा गोली मार दी गई.

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लखनऊ

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Abhishek Gupta

Sep 29, 2018

Vivek Tiwari

Vivek Tiwari

लखनऊ. बीती रात मौत के घाट उतारा गया विवेक तिवारी एक आम परिवार से था। वह हर उस आम नारगिक का प्रतिनिधित्व करता था जो दिन में नौकरी करने के लिए दफ्तर जाता है और देर शाम अपने परिवार के साथ समय बिताने के लिए अपने घर वापस आता है। उनकी फेसबुक प्रोफाइल देखी जाए तो उनके परिवार के सदस्यों के खुशमिजाज चेहरे आपको मिलेंगे। लेकिन हत्या के बाद जब परिवार की मीडिया चैनलों के जरिए जो तस्वीरें समाने आई तो जाहिर तौर पर उसमें आक्रोश, यूपी पुलिस और योगी सरकार के प्रति घृणा, सदस्य की मौत पर कभी महसूस न कर पाने वाला दर्द साफ दिख रहा है।

कौन है विवेक तिवारी-

विवेक तिवारी, जिन्हें 28 सितंबर की देर रात लखनऊ में पुलिस कॉन्स्टेबल द्वारा गोली मार दी गई, ऐप्पल इंडिया में एक प्रबंधक थे। उत्तर प्रदेश के सुल्तानपुर में रहने वाले, विवेक, लखनऊ में ऐप्पल के साथ काम कर रहे थे। उनके फेसबुक प्रोफाइल के मुताबिक वह ऐप्पल के यूपी ईस्ट पार्ट 1 का प्रबंधन कर रहे थे। 2014 से वह ऐप्पल इंडिया के प्रबंधक के पद पर कार्यरत थे।

यहां से की थी पढ़ाई-

38 वर्षीय तिवारी ने साल 1999 में कमला नेहरू इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (केएनआईटी), सुल्तानपुर से स्नातक की उपाधि प्राप्त की थी। 2002 में मेरठ में उन्होंने दीवान इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट से स्नातक की उपाधि प्राप्त की थी।ऐप्पल से पहले, वह राजस्थान में सैमसंग इलेक्ट्रॉनिक्स में एक कर्मचारी थे।

बड़े ओहदे पर था विवेक-

एप्पल की कंपनी देश की नहीं बल्कि विश्व की सबसे बड़ी कंपनियों में से एक है। ऐसी कंपनी से जुड़ना किसी भी व्यक्ति का सपना होता है। न सिर्फ उसे आईटी क्षेत्र में एक अलग पहचान मिलती है बल्कि सैलेरी मोटी मिलती है और आर्थिक तौर पर भी व्यक्ति मजबूत होता है। विवेक उनमें से एक था। वह आगे और भी अच्छे मुकाम हासिल कर सकते था, लेकिन देर रात उनका सुनसान रोड पर निकलना दो पुलिस वालों को नगवार गुजर गया और पुलिस की असहिष्णुता का वो शिकार हो गए। इसी के साथ उनके व उनके परिवार के सारे सपने टूट गए व सारी खुशियां मातम में तब्दील हो गई।