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कभी राम मंदिर तो कभी तीन तलाक और ढाढी मूंछ, इन कारणों से वसीम रिजवी रहे सुर्खियों में

कभी राम मंदिर तो कभी मुसलमानों का ढाढी मूंछ पर कमेंट कर रिजवी कट्टर मुस्लिम समाज में अपना नकारात्मक छवि के लिए जाने जाते हैं

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wasim rizvi

कभी राम मंदिर तो कभी तीन तलाक और ढाढी मूंछ, इन कारणों से वसीम रिजवी रहे सुर्खियों में

लखनऊ. शिया सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी ने अक्सर अपने विवादित बयानों से चर्चा में रहते हैं। कभी मदरसा तो कभी राम मंदिर तो कभी मुसलमानों का ढाढी मूंछ पर कमेंट कर रिजवी कट्टर मुस्लिम समाज में अपना नकारात्मक छवि के लिए जाने जाते हैं। इस कड़ी में एक नजर डालते हैं उनके अब तक के दस विवादित बयानों पर।

भगवान राम रोते हुए मेरे ख्वाब में आये थे

लंबे समय से राम मंदिर पर सियासत का माहौल गरमाया हुआ है। बाबरी मस्जिद को ध्वस कर राम मंदिर बनाए जाने का मामला अभी कोर्ट में पड़ा है। वसीम रिजवी राम मंदिर अयोध्या में बनाए जाने के पक्ष में हैं। उन्होंने एक बार यह कहकर विवादित बयान दिया था कि भगवान राम उनके ख्वाब में आये थे और मंदिर निर्माण न होने से निराश भगवान रो रहे थे। रिजवी ने राम मंदिर निर्माण की वकालत करते हुए कहा कि अब राम मंदिर निर्माण पर फैसला हो ही जाना चाहिये।

मदरसे हो बंद

मदरसों को बंद करने की पैरवी करने वाले रिजवी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को पत्र लिखकर कहा है कि मदरसों में आतंकी संगठन आईएसआईएस की विचारधारा को प्रमोट किया जाता है, जिसका बुरा असर बच्चों पर पड़ता है। ऐसे में मदरसों को बंद करना चाहिए। अगर ऐसा नहीं किया गया तो 15 साल बाद देश के आधे से ज्यादा मुसलमान आईएसआईएस के समर्थक हो जाएंगे। कोई भी मिशन बनाने के लिए बच्चों को निशाना बनाया जाता है। बता दें कि इससे पहले भी रिजवी ने मदरसा बंद करने के लिए प्रधानमंत्री को पत्र लिखा था। इसके लिए उन्हें डी कंपनी से जान से मारने की धमकी भी मिली थी।

हलाला के नाम पर शोषण

इस्लाम की आड़ में मुस्लिम महिलाओं पर हो रहे अत्याचारों पर वसीम रिजवी ने कहा था कि हलाला का यह मतलब है कि अगर कोई भी मुस्लिम व्यक्ति अपनी पत्नी को तीसरी बार जायज तरीके से तलाक दे देता है, तो वह तलाकशुदा पत्नी उस व्यक्ति पर हरम हो जाती है। वह उससे दोबारा निकाह तब तक नहीं कर सकता जब तक कि उस महिला का किसी और से निकाह न हो जाए और उससे उसका तलाक न हो जाए। उन्होंने कहा था कि इसका यह मतलब नहीं है कि तलाक देने वाला अपनी तलाकशुदा पत्नी का किसी दूसरे से निकाह खुद करवाए और दूसरे पति से शारीरिक संबंध बनवाने के बाद उससे तलाक दिलवा कर फिर दोबारा स्वयं निकाह कर ले। लेकिन दुर्भाग्य की बात है कि कुछ मुस्लिम मुल्लाओं ने ज्यादा तर अपनी हवस के लिए हलाला को अय्याशी का वैध तरीका बना लिया है। उनका कहना है कि इस्लामिक सिद्धातों के अनुसार वह निकाह वैध निकाह नहीं है जो तलाक की नियत से किया जाए

मुस्लिम बीफ खाना छोड़ दें

मॉब लिंचिंग पर राष्ट्रीय मुस्लिम मंच के संरक्षक इंद्रेश कुमार के विवादित बयान का समर्थन कर वसीम रिजवी ने कहा था कि मुस्लिमों को बीफ खाना बंद कर देना चाहिए। उन्होंने कहा था कि गाय का मीट वैसे भी इस्लाम में बेकार है।

राहुल गांधी को बताया था बाबर

रिजवी के विवादित बयानों में यह बयान भी खूब हाईलाइट हुआ था जब उन्होंने कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी की तुलना मुगर बादशाह बाबर से की थी। राहुल गांधी पर बड़ा हमला बोल उन्होंने कहा था कि राहुल गांधी मंदिरों को लूटने वाला लुटेरा है। वे राम मंदिर का निर्माण नहीं चाहते।

9 मस्जिदों को हिंदुओं को सौंपने की अपील

रिजवी ने पूजा स्थल (विशेष प्रावधान) अधिनियम-1991 को खत्म करने की मांग कर कहा था कि अधिनियम के तहत विवादित मस्जिदों को सुरक्षित किया जा चुका है। उन्हें हिंदुओं को सौंपने में मुश्किल होगी इसलिए इसे खत्म किया जाना चाहिए। रिजवी ने इस एक्ट को ख्म करने के साथ-साथ उन 9 मस्जिदों को जिन्हें मुगल काल में मंदिरों को तोड़कर बनवाया गया था, उन्हें वापस हिंदुओं को सौंपने की मांग की थी।
तीन तलाक देने वालों पर दर्ज हो बलात्कार का मुकदमा

तीन तलाक पर पीएम मोदी को पत्र लिख कर अपील की थी कि इसकी जगह 10 साल कैद का प्रावधन करना चाहिए। तीन तलाक को खत्म करने की मांग के साथ ही उन्होंने यह भी कहा था कि तीन तलाक देने वालों पर बलात्कार का मुकदमा दर्ज होना चाहिए। तीन तलाक देने वालों के विरुद्ध धारा 376 के तहत मुकदमा दर्ज होना चाहिए।

रिजवी को हटाने की मांग

बता दें कि वसीम रिजवी के बयानबाजी को लेकर उनके खिलाफ देश भर के उलमा लामबंद होकर हटाने की मांग पर अड़े थे। उन्होंने वसीम रिजवी के बयान की निंदा करते हुए योगी आदित्यमनाथ से उनकी गिरफ्तारी की मांग की थी।