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क्या होता है ‘हनीट्रैप’, कैसे फंस जाते हैं बड़े अफसर से लेकर शातिर अपराधी

What is Honeytrap: अक्सर खबरों में हनीट्रैप शब्द सुनने को मिलता है। आइए जानते हैं क्या होता है हनीट्रैप। कैसे बड़े बड़े अफसर और शातिर अपराधी फंस जाते हैं।

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लखनऊ

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Snigdha Singh

Jun 26, 2022

What is honeytrap how get trapped senior officers and criminals

What is honeytrap how get trapped senior officers and criminals

हनीट्रैप, जैसा नाम से ही जाहिर है हनी यानि शहद और ट्रैप मतलब जाल। एक ऐसा मीठा जाल जिसमें फंसने वाले को अंदाजा भी नहीं होता कि वो कहां फंस गया है और किसका शिकार बनने वाला है। खूबसूरत महिला एजेंट्स सेना के अधिकारियों को अपने हुस्न के जाल में फंसाती हैं और उनसे महत्वपूर्ण जानकारियां हासिल कर लेती हैं।

पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी ISI भी अक्सर भारतीय थल सेना, वायुसेना और नौसेना से जुड़े लोगों को हनीट्रैप में फंसाने की कोशिश करती रहती है। एक ताजा मामले में वायुसेना के अरुण मारवाह को हनीट्रैप में फंसाया गया और उनसे काफी जानकारी हासिल कर ली गई। अमूमन इस तरह की जानकारियों का इस्तेमाल आतंकी हमले में किया जाता है। दुश्मन जानकारी का क्या इस्तेमाल करेगा यह इस बात पर निर्भर करता है कि जानकारी क्या है और कितनी गोपनीय है। इसी तरह पुलिस भी कभी कभी अपराधियों को पकड़ने के लिए हनीट्रैप करते हैं।

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सोशल मीडिया के जरिए फंसाया जाता है
अभी तक का ट्रेंड देखें तो पता चलता है कि सोशल मीडिया के जरिए सेना से जुड़े लोगों को फंसाया जाता है। ये जरूरी नहीं कि सामने जो लड़की बातें कर रही है वो वास्तव में लड़की ही हो। कई बार पुरुष एजेंट, महिला बन कर बातें करते हैं। इसके लिए फेक प्रोफाइल्स बनाई जाती हैं। ये इस कदर असली दिखती हैं कि इन पर भरोसा कर लिया जाता है।


भरोसा हासिल करने के लिए नंबरों का आदान प्रदान
सेना से जुड़े लोगों या जिसे हनीट्रैप किया जाता है उसका भरोसा हासिल करने के लिए मोबाइल नंबरों का आदान प्रदान भी किया जाता है और whatsapp जैसे टूल्स से भी चैटिंग की जाती है। इस तरह की चैटिंग के दौरान अंतरंग तस्वीरें, बेहद निजी राज आदि जान लिए जाते हैं और फिर ब्लैकमेल करने में इनका इस्तेमाल किया जाता है।

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