पिछले वर्ष झलप में फर्जी राइस मिल और किसानों के नाम सौदा पत्रक काटकर एक करोड़ 76 लाख मात्र एक माह में ही अधिकारियों और कर्मचारियों ने पार कर दिया था। लेकिन अभी तक खाद्य विभाग के अफसर जांच प्रतिवेदन तक तैयार नहीं कर सके हैं। ऐसा ही प्रकरण झलप, बागबाहरा, सरायपाली, पिथौरा सहित अन्य कृषि उपज मंडियों में फर्जीवाड़े की शिकायत सामने आई है।