मंडला @ पत्रिका. बिछिया तहसील के अंतर्गत आने वाले मवई जनपद के ग्राम पंचायत सकवाह में दिव्यांग बालक का आधार कार्ड नहीं बन पा रहा है। जिसके कारण उसे शासकीय योजनाओं के लाभ से वंचित होना पड़ रहा है। दिव्यांग दिव्यकुमार के पिता रामगोपाल का कहना है कि दिव्य कुमार बहुविकलांग है। जिसका आधार कार्ड बनवाने पर आधार केन्द्र संचालकों का कहना होता है कि कैमरा में इनकी आँख की दृष्टि केच नहीं हो पा रही है। जिसके कारण आधार कार्ड नहीं बन पा रहा है। आधार कार्ड ना होने से पेंशन भी बंद कर दी गई है। जिसको लेकर जिला योजना भवन में पहुंचकर कलेक्टर को आवेदन दिया गया है। बहुविकलांग पेंशन दिलाने की मांग की गई है।
बिछिया तहसील के अंतर्गत आने वाले मवई जनपद के ग्राम पंचायत सकवाह में दिव्यांग बालक का आधार कार्ड नहीं बन पा रहा है। जिसके कारण उसे शासकीय योजनाओं के लाभ से वंचित होना पड़ रहा है। दिव्यांग दिव्यकुमार के पिता रामगोपाल का कहना है कि दिव्य कुमार बहुविकलांग है। जिसका आधार कार्ड बनवाने पर आधार केन्द्र संचालकों का कहना होता है कि कैमरा में इनकी आँख की दृष्टि केच नहीं हो पा रही है। जिसके कारण आधार कार्ड नहीं बन पा रहा है। आधार कार्ड ना होने से पेंशन भी बंद कर दी गई है। जिसको लेकर जिला योजना भवन में पहुंचकर कलेक्टर को आवेदन दिया गया है। बहुविकलांग पेंशन दिलाने की मांग की गई है।
बिछिया तहसील के अंतर्गत आने वाले मवई जनपद के ग्राम पंचायत सकवाह में दिव्यांग बालक का आधार कार्ड नहीं बन पा रहा है। जिसके कारण उसे शासकीय योजनाओं के लाभ से वंचित होना पड़ रहा है। दिव्यांग दिव्यकुमार के पिता रामगोपाल का कहना है कि दिव्य कुमार बहुविकलांग है। जिसका आधार कार्ड बनवाने पर आधार केन्द्र संचालकों का कहना होता है कि कैमरा में इनकी आँख की दृष्टि केच नहीं हो पा रही है। जिसके कारण आधार कार्ड नहीं बन पा रहा है। आधार कार्ड ना होने से पेंशन भी बंद कर दी गई है। जिसको लेकर जिला योजना भवन में पहुंचकर कलेक्टर को आवेदन दिया गया है। बहुविकलांग पेंशन दिलाने की मांग की गई है।