
जिले में वाटर टूरिज्म का सपना अब भी अधूरा, बरगी डैम से जिलहरी घाट तक क्रूज पहुंचने बनी थी योजना
मंडला. वाटर टूरिज्म का प्रमोशन करने के लिए पर्यटन विभाग लांग जर्नी ट्रैवल शुरू करने की योजना थी जो ३ साल बाद भी पूरी नहीं हो सकी है। योजना के ठंडे बस्ते में जाने के कारण जिले में वाटर टूरिज्म का सपना अब भी अधूरा पड़ा है। बरगी डेम से जिलहरी घाट तक लोगों को लंबा वक्त बोट पर बिताने को मिलता। साल 2017 में हाउसबोट को बरगी से मंडला के बीच चलाने का प्रस्ताव बना था। इसमें पर्यटक क्रूज के माध्यम से 6 घंटे में 100 किमी का सफर तय करने की योजना थी। हालांकि क्रूज का सफर पहले भी शुरू हुआ था लेकिन टूरिस्ट को यह रास नहीं आया था। जिसको अपडेट कर फिर से शुरू करने का प्रस्ताव जारी किया गया था जिसके लिए लगभग 4.5 करोड़ रुपए खर्च किए जाने हैं।
इस नई शुरुआत से जिले में वाटर टूरिज्म को प्रमोशन मिलेगा। साथ ही कान्हा टाइगर रिजर्व तक आने वाले यात्रियों का सफर इस जलमार्ग के लिए जरिए रोमांचकारी बन जाएगा। करीब 100 किमी के सफर में नर्मदा नदी के किनारे अनछुएं प्राकृतिक सौंदर्य को पर्यटक करीब से निहार सकेंगे। बरगी-मंडला के बीच के सफर में बीजाडांडी, चिरईडोंगरी, गर्म पानी का कुंड पर भी कु्रज का ठहराव होगा। चिरईडोंगरी में रेस्टहाउस भी बनकर तैयार है। लेकिन काम अधर में होने के कारण बिजली फिटिंग व अन्य कार्य नहीं हो सके हैं। इन सभी स्थानों पर बोट से चढऩे-उतरने के लिए जेटी (प्लेटफार्म) तैयार किए गए हैं।
मप्र पर्यटन विभाग के अनुसार, टूरिस्ट के लिए मंडला का क्रूज से सफर इस बार थोड़ा अलग रहेगा। रूटीन में मंडला तक की सफारी नहीं होगी लेकिन फैमिली, पार्टी, पिकनिक या मीटिंग जैसे ईवेंट में टूरिस्ट इस सफारी को पसंद कर सकते हैं। क्रूज में एक बार में 30 व्यक्ति मंडला तक सफर कर सकेंगे। इसमें प्रति व्यक्ति का किराया करीब 38 सौ रुपए होगा। इसके चलते एमपीटी ने योजना बनाई है कि रूटीन पर्यटकों की बजाय कॉरपोरेट मीटिंग, वीकेंड गैदरिंग, कंपनी ईवेंट, पिकनिक, फैमिली पार्टी और फंक्शन के लिए क्रुज को चलाया जाएगा। पहले भी क्रुज को मंडला तक चलाया जा चुका हैए लेकिन टूरिस्ट नहीं मिलने की वजह से ऑन डिमांड यह व्यवस्था की गई।
Published on:
06 Mar 2020 09:02 am
बड़ी खबरें
View Allमंडला
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
