ज्ञापन में यह भी की गई मांगे
जिले से 150 किलोमीटर दूर गांधीसागर, भैसोदामंडी, भानपुरा है और गरोठ, शामगढ़ सुवासरा मैं भी ब्लड बैंक नहीं इतना बड़ा क्षेत्र होने के बावजूद भी हमें जिला ब्लड बैंक पर निर्भर रहना पड़ता है आपातकाल डिलीवरी में भी जच्चा बच्चा को और दुर्घटनाओं में चिकित्सा चिकित्सकों द्वारा सुविधा की कमी से रेफर में मंदसौर जाना पड़ता है या मरीजों को अन्य राज्य में शरण लेनी पड़ती है। क्षेत्र में अवैध रूप से प्राइवेट चिकित्सालय में ब्लड चढ़ाया जा रहा है इन साइलेंट किलर का खेल तत्काल बंद हो। चिकित्सकों को की संपूर्ण व्यवस्था मेडिसिन सर्जन गायनिक की सुविधा जिससे अन्य जगह रेफर करने की जगह उपचार हो और दिन रात 24 घंटे सर्जन डॉक्टर उपलब्ध रहे जिससे आपातकाल में नदारद न रहे और मरीजों को घंटों इंतजार ना करना पड़े जिससे रेफर से मुक्ति मिले। एंबुलेंस में समस्त सुविधा जैसे पर्याप्त दवाइयां ऑक्सीजन सिलेंडर नियमित जांच कर उपलब्ध रहे, जिससे मरीजों को रास्ते में हो रही असुविधाओं से मुक्ति मिले और असुविधा का सामना ना करना पड़े। हफ्ते में 3 दिन सोनोग्राफी मशीन चालू की अपेक्षा निरंतर प्रतिदिन सोनोग्राफी मशीन चालू रहे जिससे मरीजों को 4 दिन इंतजार नहीं करना पड़े और पूरे हफ्ते उपचार मिले। ज्ञापन देेने वालो में लालसिंह सिसोदिया, मदनलाल, श्यामसिंह, तूफानसिंह, रामसिंह, वजेसिंह, मुकेश राठौर उपस्थित थे।