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जगद्गुरु त्यागराज स्वामी आराधन महोत्सव का हुआ समापन

- मन्दिर प्रांगड़ में शीश महल के नजदीक भगवान रँगनाथ माता गोदा के साथ बसंती पोशाक पहने हुए विराजमान - कर्नाटक संगीत शैली के जगद्गुरु त्यागराज स्वामी के 174 वें आराधन उत्सव - श्री रामभक्ति के परिचायक सन्त त्यागराज स्वामी ने 18वी शताब्दी में करीब आठ सौ से अधिक रामभक्ति से परिपूर्ण पदों की रचना

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मथुरा

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arun rawat

Feb 17, 2021

वृन्दावन के रंगनाथ मंदिर में महोत्सव का हुआ समापन - फ़ोटो - पत्रिका न्यूज़ नेटवर्क 

वृन्दावन के रंगनाथ मंदिर में महोत्सव का हुआ समापन - फ़ोटो - पत्रिका न्यूज़ नेटवर्क 

पत्रिका न्यूज़ नेटवर्क

मथुरा. श्री वैष्णब के प्रमुख केंद्रों में से एक उत्तर भारत के विशालतम रँगनाथ मन्दिर में मंगलवार को बसन्त पँचमी के अवसर पर जगद्गुरु त्यागराज स्वामी आराधन महोत्सव का आयोजन किया गया। मन्दिर प्रांगड़ में शीश महल के नजदीक भगवान रँगनाथ माता गोदा के साथ बसंती पोशाक पहने विराजमान हुए।

मंगलवार को वृंदावन स्थित भगवान गोदा रंगमन्नार मंदिर में जगद्गुरु त्यागराज स्वामी आराधन महोत्सव आयोजन बडे धूमधाम से किया गया। मंदिर में आरती के बाद दिल्ली के हंसिनी समूह द्वारा जगद्गुरु स्वामी त्यागराज जी की सुप्रसिद्ध पंचरत्न कृति का गायन किया। कर्नाटक संगीत शैली के जगद्गुरु त्यागराज स्वामी के 174 वें आराधन उत्सव पर संगीत जगत के नामचीन सितारों ने अपनी संगीत साधना से सन्त त्यागराज स्वामी को भावजंलि अर्पित की।जिसका नगर के संगीतप्रेमियों ने जमकर लुत्फ उठाया। दक्षिणात्य शैली के विशालतम श्री रंग मन्दिर का परिसर बसन्त पंचमी पर्व पर संगीत लहरियो से गुलजार रहा ,मौका था दक्षिण भारत संगीत के संवर्धक सन्त त्यागराज स्वामी के आराधन उत्सव पर आयोजित संगीत सन्ध्या का. श्री रामभक्ति के परिचायक सन्त त्यागराज स्वामी ने 18वी शताब्दी में करीब आठ सौ से अधिक रामभक्ति से परिपूर्ण पदों की रचना कर पूरे देश मे कर्नाटक संगीत को पुष्ट किया। श्री रँगमन्दिर प्रबंधन द्वारा प्रथम बार इस संगीत महोत्सव का भव्य आयोजन किया गया। जिसमें नामचीन संगीतज्ञों ने सन्त त्यागराजा की महत्वपूर्ण कृति पंचरात्री पर आधारित रचनाये प्रस्तुत की। शुभारंभ ठाकुर श्री गोदारनगमन्नार भगवान के अर्चन से हुआ।


उत्सव के समापन पर स्वामी रघुनाथ , समाजसेवी कपिल देव उपाध्याय , विपिन व्यास , ओडिसी कलाकार प्रताप नारायण बेहरा , विष्णु प्रिया आदि अतिथियों ने पंचरत्न कृति का गायन कर रहे वासुदेवन और उनकी टीम का भगवान का प्रसादी अंग वस्त्र , छवि चित्र और प्रसाद भेंट कर सम्मान किया . इस अवसर पर अनघा श्री निवासन , माल्दा गोवर्द्धन , रम्या रंगाचार्य, राजीव गुप्ता , तिरुपति , राकेश दुवे, शरद शर्मा , लखन लाल पाठक , कन्हैया आदि प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।

By - Nirmal Rajpoot