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Mau SIR News: मऊ में कटे 3 लाख मतदाताओं के नाम, 6 फरवरी तक ली जाएंगी आपत्तियां

कलेक्ट्रेट सभागार, मऊ में जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी प्रवीण मिश्रा की मौजूदगी में सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के सामने मतदाता सूची सार्वजनिक रूप से जारी की गई।

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मऊ

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Abhishek Singh

Jan 06, 2026

UP SIR News: मऊ में विधानसभा चुनाव 2026 के लिए फोटोयुक्त मतदाता सूची का ड्राफ्ट (आलेख्य) प्रकाशन कर दिया गया है। यह सूची 1 जनवरी 2026 की अर्हता तिथि को आधार मानते हुए तैयार की गई है। बुधवार को कलेक्ट्रेट सभागार, मऊ में जिलाधिकारी एवं जिला निर्वाचन अधिकारी प्रवीण मिश्रा की मौजूदगी में सभी मान्यता प्राप्त राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के सामने मतदाता सूची सार्वजनिक रूप से जारी की गई।


जिला प्रशासन के अनुसार, मतदाता पुनरीक्षण अभियान के बाद सूची में बड़े स्तर पर बदलाव देखने को मिले हैं। पहले मऊ जिले में कुल मतदाताओं की संख्या 17,13,350 थी, जो अब घटकर 14,13,127 रह गई है। यानी 3,00,223 मतदाता कम हुए हैं, जो कुल संख्या का 17.52 प्रतिशत है।


पुनरीक्षण प्रक्रिया के दौरान 44,116 (2.57%) मतदाता मृत पाए गए, जबकि 91,349 (5.33%) मतदाता जांच में गायब या नहीं मिले। इसके अलावा 1,37,360 (8.02%) मतदाता दूसरे स्थान पर पलायन कर चुके हैं। विधानसभा क्षेत्रवार आंकड़ों पर नजर डालें तो सबसे अधिक गिरावट मऊ सदर (356) में दर्ज की गई, जहाँ 89,421 मतदाता कम हुए हैं, जो 19.17 प्रतिशत है। वहीं घोसी (354) और मधुबन (353) में 79,293 और 72,649 मतदाता घटे हैं, दोनों में गिरावट 17.64 प्रतिशत है। सुरक्षित सीट मुहम्मदाबाद गोहना (SC – 355) में 58,860 मतदाता कम हुए हैं, जो 15.27 प्रतिशत है।

सुधार के लिए मिलेगा मौका


प्रशासन ने बताया कि मतदाता सूची में नाम जोड़ने, हटाने या किसी भी तरह के सुधार के लिए दावे और आपत्तियाँ 6 फरवरी 2026 तक दर्ज कराई जा सकती हैं। नया नाम जोड़ने के लिए फॉर्म-6 भरना अनिवार्य होगा, साथ ही घोषणा पत्र लगाना भी जरूरी है।
जिलाधिकारी प्रवीण मिश्रा ने जनता से अपील की है कि सभी नागरिक समय रहते मतदाता सूची में अपना नाम अवश्य चेक करें। यदि किसी को नाम जुड़वाना है, उसमें संशोधन कराना है या आपत्ति दर्ज करनी है, तो 6 फरवरी 2026 से पहले सभी औपचारिकताएँ पूरी कर लें, ताकि सूची अधिक पारदर्शी और त्रुटिरहित बनाई जा सके। प्रशासन की इस पहल का उद्देश्य निष्पक्ष, स्वच्छ और सटीक निर्वाचन प्रक्रिया सुनिश्चित करना है।