25 साल बाद फिर रंग लाया सपा-बसपा गठबंधन, ये पुरानी यादें हुईं ताजा

25 साल बाद फिर रंग लाया सपा-बसपा गठबंधन, ये पुरानी यादें हुईं ताजा

Rahul Chauhan | Publish: Mar, 14 2018 07:44:29 PM (IST) Meerut, Uttar Pradesh, India

फूलपुर और गोरखपुर उपचुनाव में समाजवादी पार्टी की जीत के बाद कार्यकर्ताओं का उत्साह चरम पर है। उन्होंने सपा-बसपा के 25 साल पुराने गठबंधन को भी याद किया

मेरठ। उप्र में फूलपुर और गोरखपुर जैसी वीवीआईपी सीटों के उपचुनाव में बीजेपी को धूल चटाने के बाद बबुआ (अखिलेश यादव) व बुआ (मायावती) की राजनैतिक जुगलबंदी अब प्रदेश में चल पड़ी है। उपचुनाव में मिली दो जीत से सीना चौड़ाकर घर से निकले मेरठ के सपाइयों ने सड़क पर जमकर जश्न मनाया।

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ढोल-नगाडों के साथ पार्टी कार्यकर्ताओें ने मिठाईयां बांटी। जैसे-जैसे मीडिया से गोरखपुर और फूलपुर के चुनाव के रूझान समाजवादी पार्टी के पक्ष में आ रहे थे। समाजवादी पार्टी के जिला मुख्यालय पर कार्यकर्ताओं का जमघट लगना शुरू हो गया था। 28 राउंड की मतगणना पूरी होने के बाद समाजवादी पार्टी कार्यालय पर ढोल नगाड़े मंगाए जाने लगे थे। झंडे और बैनर लेकर सपाई सड़क पर आ गए। फूलपुर सीट पर जीत का समाचार मिलते ही समाजवादी पार्टी कार्यकर्ता सड़क पर आ गए और भाजपा सरकार विरोधी नारे लगाने लगे।

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मेरठ की सड़कों पर दिखा 25 साल पुराना नजारा
करीब 25 साल पहले भाजपा के खिलाफ मुलायम और कांशीराम एक हुए थे। 1992 में समाजवादी पार्टी का गठन हुआ और उसके एक साल बाद ही प्रदेश में चुनाव होने वाले थे। नवोदित पार्टी सपा को उस समय प्रदेश में सहारे की जरूरत थी। मुलायम ने कांशीराम के साथ हाथ मिलाना उचित समझा और दोनों दलों ने गठबंधन के तहत 1993 में हुए विधानसभा चुनाव में प्रदेश की 256 सीटों पर सपा और 164 सीटों पर बसपा ने चुनाव लड़ा।

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दोनों दलों में सपा को 109 और बसपा को 67 सीटों पर जीत मिली थी। उस समय पश्चिम उप्र के मेरठ में सपा और बसपा गठबंधन को 30 सीटों का लाभ मिला था। मुस्लिम और दलित के एक होने से भाजपा के प्रत्याशी बुरी तरह से हारे थे। उस दौरान दोनों दलों के कार्यकर्ताओं ने ढोल के साथ पूरे महानगर में जश्न मनाया था।

वैसा ही नजारा बुधवार को भी देखने को मिला। हालांकि बसपा कार्यकर्ता कम ही नजर आए लेकिन एक और चौंकाने वाली बात देखने को मिली वह थी इस विजयी जुलूस में रालोद के कार्यकर्ताओं का शामिल होना। रालोद कार्यकर्ता अपने पार्टी के झंडे के साथ जुलूस में शामिल थे। सपा जिलाध्यक्ष राजपाल ने कहा कि जीत से पार्टी कार्यकर्ताओं में उत्साह है। इससे गठबंधन की राजनीति को मजबूती मिलेगी।

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