UP Assembly Elections 2022 विधानसभा चुनाव इस बार कई मामलों में हाईटेक हो गया है। कोरोना संक्रमण के चलते जहां इस बार नामांकन के दौरान कई तरह की पाबंदियां चुनाव आयोग द्वारा लगाई गई हैं। वहीं दूसरी ओर इस बार आनलाइन नामांकन की सुविधा उपलब्ध कराई गई है। नामांकन भरने में लापरवाही से पर्चा भी निरस्त हो सकता है। इसलिए इसका विशेष ध्यान रखें।
UP Assembly Elections 2022 विधानसभा चुनाव मेंं प्रत्याशियों के लिए इस बार आनलाइन और कलेक्ट्रेट में नामांकन पत्र भरने की सुविधा निर्वाचन आयोग द्वारा प्रदान की गई है। नामांकन के पहले दिन मेरठ जिले की सात विधानसभाओं में 47 नामांकन पत्र खरीदे गए। सर्वाधिक नामांकन सरधना विधानसभा में 10 पांच व्यक्तियों द्वारा लिए गए। उम्मीदवार के लिए जो सबसे पहला और सावधानी वाला स्टैप होता है वह है नामांकन भरने का। जरा सी लापरवाही पर नामांकन पत्र रदद भी हो सकता है और ऐसी स्थिति में प्रत्याशी चुनाव लड़ने वाली स्थिति में नहीं होता। नामांकन पत्र भरने के लिए कई तरह के नियम हैं। नामांकन के दौरान एक भी कालम खाली छोडऩे पर फार्म रद हो सकता है। इसीलिए इस बार नामांकन पत्र भरते वक्त बेहद सावधानी बरतने की जरूरत है।
इन नियमों का करें पालन
आपराधिक रिकार्ड का ब्योरा अनिवार्य रूप से देना होगा। आनलाइन फार्म भरने के बाद प्रिंट आउट रिटर्निंग अधिकारी कार्यालय में जमा कराना होगा। पांच रंगीन फोटो दो बाई ढाई सेमी की। फोटो पर प्रत्याशी के हस्ताक्षर होने चाहिए। प्रस्तावकों का वोटर कार्ड लगेगा। कार्ड की प्रमाणित छायाप्रति रिटर्निंग अधिकारी द्वारा जारी की जाएगी। प्रस्तावक उसी विधानसभा क्षेत्र का निवासी होना चाहिए। जमानत धनराशि को मैनुअल या फिर ई-चालान से जमा किया जा सकता है। एक प्रत्याशी द्वारा चार सेट में नामांकन पत्र दाखिल किया जा सकता है।
जमानत धनराशि एक ही बार जमा होगी। नाामांकन पत्र के साथ प्रारूप-26 के सभी कालम को अनिवार्य रूप से भरना होगा। एक भी कालम रिक्त छोडऩे पर नामांकन पत्र का सेट रद हो सकता है। रिटर्निंग अधिकारी द्वारा जो भी सूचनाएं मांगी जाएंगी, उसे तत्काल उपलब्ध कराना होगा। प्रत्याशी को पूरा पता, मोबाइल नंबर जिसमें वाट्सएप चलता हो और ई-मेल आइडी रिटर्निंग अधिकारी को उपलब्ध करानी होगी।
प्रत्याशी को हर तरीके की चुनाव प्रचार सामग्री की जानकारी रिटर्निंग अधिकारी कार्यालय में देनी होगी। रिटर्निंग अधिकारी की अनुमति से नामांकन पत्र प्रस्तुत करने में अगर नाम गलत अंकित हो गया है तो उसमें संशोधन कराया जा सकता है। नामांकन पत्रों की जांच के दिन प्रस्तावकों को उपस्थित रहना होगा।