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नई नीति से मुआवजा न मिलने के विरोध में पानी की टंकी पर चढ़े किसान, मचा हड़कंप, देखें वीडियो

Highlights जिला प्रशासन ने एक दिन पहले मांगें ठुकरा दी थी महिलाओं और पुरुषों ने किया जमकर प्रदर्शन भारतीय किसान यूनियन के नेतृत्व में हुआ प्रदर्शन  
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मेरठ

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Sanjay Kumar Sharma

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Updated: 20 Oct 2019, 6:03 PM IST

meerut

मेरठ। मेरठ के शताब्दीनगर में 620 एकड़ जमीन को किसानों के कब्जे से मुक्त कराने को लेकर दूसरे दिन भी प्रशासनिक अफसरों ने किसानों को खूब मनाया, लेकिन वे नहीं माने। वहीं रविवार को नई नीति से मुआवजा न मिलने के विरोध में किसान टंकी पर चढ़ गए और प्रदर्शन किया।

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परतापुर शताब्दीनगर में तकरीबन एक दर्जन किसान पानी की टंकी पर चढ़ गए, इनमें एक महिला भी शामिल है। दरअसल, शताब्दीनगर में भारतीय किसान यूनियन के नेतृत्व में किसान नई भूमि अधिग्रहण नीति के अनुसार मुआवजे की मांग को लेकर धरने पर डटे हुए हैं। यहां नजदीक ही बनी पानी की टंकी पर चढ़कर किसानों ने अपनी मांगें रखीं।

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शनिवार को जिलाधिकारी अनिल ढींगरा के साथ हुई बैठक में भी किसान नई मुआवजा नीति से मुआवजा लेने की मांग पर अड़े रहे। वहीं जिलाधिकारी अनिल ढींगरा ने उनकी इस मांग को ठुकरा दिया और किसानों से विकास कार्यों में सहयोग करने के लिए कहा। इस पर गुस्साए किसानों ने बैठक में नारेबाजी शुरू कर दी और आर-पार की लड़ाई लड़ने का एेलान किया। किसानों ने कहा कि वे मर जाएंगे, लेकिन जब तक उनकी मांग नहीं मानी जाएगी, जमीन नहीं छोड़ेंगे। रविवार को इसी के तहत शताब्दी नगर में किसानों ने टंकी पर चढ़कर प्रदर्शन किया। हालांकि बाद में अफसरों के पहुंचने पर उतर आए आैर आंदोलन जारी रखने की बात कही।

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