16 मई 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

फरवरी में आ सकती है Corona की Vaccine, विभाग ने मांगा स्वास्थ्य कर्मियों का ब्यौरा

Highlights -देश भर में चल रहा कोवैक्सीन का ट्रायल -चिकित्सकों और पैरामेडिकल स्टाफ का ब्योरा शासन को भेजा -जिला प्रतिरक्षण अधिकारी ने दी जानकारी

less than 1 minute read
Google source verification

मेरठ

image

Rahul Chauhan

Oct 29, 2020

DCGI allows Bharat Biotech's COVID-19 Vaccine phase 3 trial

DCGI allows Bharat Biotech's COVID-19 Vaccine phase 3 trial

पत्रिका न्यूज नेटवर्क

मेरठ। स्वास्थ्य विभाग को जल्दी ही कोरोना वैक्सीन आने की उम्मीद है। सरकार के आदेश पर जनपद में सरकारी व निजी स्वास्थ्य कर्मियों का ब्यौरा इकट्ठा किया जा रहा है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से जिला कार्यक्रम प्रबंधक (डीपीएम) व ब्लाक कार्यक्रम प्रबंधक (बीपीएम) को लगाया गया है। ब्योरा शासन को भेजा जाएगा।

जिला प्रतिरक्षण अधिकारी डा. प्रवीण गौतम ने बताया कोरोना की वैक्सीन आने पर सबसे पहले चिकित्सकों और स्वास्थ्य कर्मचारियों को लगाई जाएगी। इसके लिए जिले के सरकारी और निजी अस्पतालों में कार्यरत चिकित्सकों और पैरामेडिकल स्टाफ का ब्योरा मांगा जा रहा है। ब्योरा तैयार कर शासन को भेजा जाएगा।

उन्होंने बताया देश में आईसीएमआर और भारत बायोटेक की तरफ से कोरोना के लिए कोवैक्सीन का ट्रायल देशभर में चल रहा है। कोवैक्सीन को हरी झंडी मिलते ही बाजार में उतार दिया जाएगा। इसके लिए सरकार पूरी तैयारी में जुटी हुई है। सबसे पहले कोराना की वैक्सीन कोरोना योद्धाओं को लगाई जानी है। ऐसे में प्रदेश में कोवैक्सीन उपलब्ध होने के बाद मेडिकल कॉलेज, आयुर्वेद अस्पताल, यूनानी अस्पताल, रेलवे अस्पताल, आर्मी अस्पताल और ईएसआईसी हॉस्पिटल के अलावा निजी नर्सिंगहोम के चिकित्सकों और पैरामेडिकल स्टाफ को कोविड-19 का वैक्सीनेशन किया जाना प्रस्तावित है। इसके लिए यहां कार्यरत मेडिकल और पैरामेडिकल स्टाफ की सूची मांगी गई है।

उन्होंने बताया कि जनपद में तेजी के साथ सामुदायिक व प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, जिला अस्पताल, जिला महिला अस्पताल के अलावा जनपद में तैनात आशा कार्यकर्ताओं का ब्योरा लिया जा रहा है। कोरोना वायरस की वैक्सीन फरवरी तक आने की संभावना जताई जा रही है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय की तरफ से भी इसके संकेत लगातार मिल रहे हैं। वैक्सीन परीक्षण के दो चरण पूरे हो चुके हैं। तीसरे चरण के परीक्षण के लिए देश के 12 बड़े संस्थानों का चयन हुआ है।