
ये मुस्लिम महिलाएं अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के समर्थन में, तिथि आगे बढ़ने पर कही बड़ी बातें, देखें वीडियो
मेरठ। सुप्रीम कोर्ट द्वारा अयोध्या मसले पर आगे की तिथि पर सुनवाई टाले जाने पर राजनैतिक हलकों में हालांकि इसको लेकर कोई चर्चा या टिप्पणी नहीं है, लेकिन लोगों में इसको लेकर तरह-तरह की चर्चाएं जारी है। मेरठ में सुप्रीम कोर्ट के इस निर्णय से जहां मुस्लिमों में मायूसी है, वहीं हिन्दुओं में भी तिथि को टाले जाने पर गहमा-गहमी है। मुस्लिम राष्ट्रीय मंच की राष्ट्रीय संयोजिका शाहीन परवेज ने कहा कि हालांकि किसी को सुप्रीम कोर्ट के किसी निर्णय पर टिप्पणी करने का कोई अधिकार नहीं है।
सुप्रीम कोर्ट सर्वोपरि संस्था है, लेकिन राम मंदिर की तिथि आगे टाले जाने से मुस्लिमों को दुख है। उन्होंने कहा कि यह देश की करोड़ों जनता की आस्था का प्रतीक है। वह अयोध्या में राम मंदिर को लेकर कई बार मुस्लिम महिलाओं के साथ बैठक आयोजित कर चुकी है, जिसमें शामिल मुस्लिम महिलाओं ने अयोध्या के मौजूदा हालात पर विचार-विमर्श कर वहां पर राम मंदिर बनाने के समर्थन में नारे लगाए थे। पूर्व में हुई बैठकों के माध्यम से शाहीन ने मुस्लिम समाज को संदेश दिया था, जिसमें उन्होंने कहा था कि यह देश हमारा है, हम देश के मसलों को एकजुट होकर निपटाएंगे। मुस्लिम राष्ट्रीय मंच ने कहा कि हम कसम खुदा की खाते हैं मंदिर वही बनवाएंगे। उन्होंने कहा कि श्रीराम जन्मभूमि के लिए हमारा फर्ज बनता है कि हम अपने हिंदू भाई-बहनों को खुशी से राम मंदिर निर्माण के लिए सहमति दें।
राष्ट्रीय एकता मिशन की कार्यकारिणी सदस्य सुबुही खान ने कहा कि राम मंदिर हमारी सनातन संस्कृति का प्रतीक है। हम लोग तन-मन-धन के साथ अयोध्या में राम मंदिर निर्माण में सहयोग करेंगे। शाहीन ने कहा कि अब ताो मुस्लिम महिलाओं के साथ ही राम मंदिर निर्माण मसले पर मुस्लिम पुरुषों का रुख भी साफ हो चुका है वे भी मंदिर निर्माण के समर्थन में है।
Published on:
05 Jan 2019 03:48 pm

