
विवेक तिवारी हत्याकांड: इस कुख्यात के गांव की रहने वाली है हत्यारोपी प्रशांत चौधरी की पत्नी राखी
मेरठ। तीस साल पहले नाली के छोटे से विवाद के बाद कोर्इ इतना खून-खराबा कर सकता है आैर इतना कुख्यात बन सकता है, इससे मेरठ के भदौड़ा गांव का बच्चा-बच्चा वाकिफ है। इस छोटे से विवाद में एक कुख्यात बना तो उसके दुश्मन का साथ देने वाला उसका साथी भी उसके खिलाफ जरायम की दुनिया में उतर आया। भदौड़ा गांव के समीप ही गांव करनावल है। ये दोनों इतने कुख्यात हो चुके हैं आैर इतना खून बह चुका है कि इन दोनों कुख्यातों के नाम से ही नहीं गांव से भी वेस्ट यूपी के लोग कांपते हैं। पुलिस भी इनके पकड़ने में पसीना-पसीना होती आयी है। दोनों कुख्यात फिलहाल जेल में हैं, लेकिन भदौड़ा गांव फिर चर्चा में आ गया है। इस बार भदौड़ा की एक लड़की को लेकर हर किसी की जुबान पर है इस गांव का नाम। दरअसल, लखनउ में एपल के मैनेजर विवेक तिवारी का हत्यारोपी सिपाही प्रशांत चौधरी की पत्नी राखी मलिक भदौड़ा गांव की ही है आैर यूपी पुलिस में है।
कुख्यात योगेश भदौड़ा के गांव की है राखी मलिक
मेरठ के रोहटा क्षेत्र के भदौड़ा गांव का योगेश भदौड़ा गांव के ही पड़ोसी से नाली के विवाद में दुश्मनी हो गर्इ थी। इसके बाद रोहटा ब्लाॅक प्रमुख पद को लेकर यह दुश्मनी आैर बढ़ गर्इ। आज का कुख्यात उधम सिंह योगेश भदौड़ा का जिगरी यार हुआ करता था, अब एक-दूसरे के जानी दुश्मन हैं। दोनों ने अपने-अपने बड़े गैंग बना लिए। इन गैंगों का असर है कि अब तक योगेश भदौड़ा के गांव भदौड़ा में 27 आैर कुख्यात उधम सिंह के गांव करनावल में दस से ज्यादा हत्याएं हो चुकी हैं आैर आरोप दोनों के गैंगों पर लगा है। पहले भदौड़ा के योगेश आैर वीरेंद्र के बीच रंजिश में कर्इ हत्याएं हुर्इ तो बाद में योगेश की उधम सिंह से दुश्मनी में कर्इ जिन्दगियां गर्इ। योगेश की मां महेंद्री की हत्या 1997 में कर दी गई थी। 1998 में वीरेंद्र के भाई धर्मेंद्र व चचेरे भाई योगेंद्र की हत्या कर दी गई थी। इसके बाद यह योगेश भदौड़ा की वीरेंद्र आैर उधम सिंह से दुश्मनी बढ़ गर्इ आैर जब योगेश के भार्इ प्रमोद भदौड़ा का एक तेरहवीं में शामिल होने के दौरान उधम सिंह ने मर्डर किया तो पिछले सात साल से यह दुश्मनी चरम पर पहुंच गर्इ। योगेश भदौड़ा आैर उधम सिंह इन दिनों जेल में है। इसके बावजूद दोनों के गैंग के लोगाें के बीच गैंगवार खत्म नहीं हुर्इ है। मेरठ जनपद पुलिस के लिए ये दोनों गैंग सिरदर्द बने हुए हैं।
भदौड़ा की राखी मलिक है सम्पन्न घर से
लखनउ में एपल के मैनेजर विवेक तिवारी के हत्यारोपी सिपाही की पत्नी भी यूपी पुलिस में है। गांव में राखी मलिक की करीब 32 करोड़ रुपये की जमीन-संपत्ति है। राखी ने बचपन से भदौड़ा में अपने गांव के कुख्यात योगेश भदौड़ा का खूनी खेल देखा है, इसलिए वह दबंग भी हो गर्इ। यह कुख्यात के गांव का असर ही है कि वह किसी से भी लड़ लेती है। ग्रामीणों का कहना है कि प्रशांत चौधरी की पत्नी यानी गांव की बेटी राखी मलिक भी काफी सीधी है। वह काफी मिलनसार है। गांव के लोग बोले कि अगर मुकदमे के लिए जरूरत पड़ी तो पूरा गांव राखी और अपने गांव के मेहमान को बचाने के लिए खड़ा होगा।
Updated on:
3 Oct 2018, 8:15 PM IST
Published on:
3 Oct 2018, 8:15 PM IST
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