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क्या शुरू हो गई कोरोना की तीसरी लहर! महाराष्ट्र के सिर्फ एक जिले में मिले 8 हजार संक्रमित बच्चे

महाराष्ट्र के अहमदनगर जिले से बच्चों के कोरोना संक्रमित होने के जो आंकड़े सामने आए हैं, वह डराने वाले दिख रहे। महराष्ट्र सरकार की ओर से कोरोना वायरस संक्रमितों के जिलेवार जारी आंकड़ों पर गौर करें तो सिर्फ अहमदनगर जिले में मई महीने में करीब आठ हजार बच्चे कोरोना वायरस से संक्रमित हुए हैं।  
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Ashutosh Pathak

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Updated: 31 May 2021, 8:33 AM IST

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नई दिल्ली।

देश में कोरोना वायरस (Coronavirus) के संक्रमण की दूसरी लहर का कहर अभी जारी है। बीते डेढ़ साल में लहर चाहे पहली हो या दूसरी महाराष्ट्र में अब तक सबसे अधिक भयावह स्थिति देखने को मिली है। यहां संक्रमितों के सबसे अधिक केस सामने आए हैं। साथ ही, इस महामारी से मरने वालों का आंकड़ा भी महाराष्ट्र में सबसे अधिक है।

वहीं, आशंका जताई जा रही है कि कोरोना वायरस की तीसरी लहर भी देश में कभी भी आ सकती है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि यह तीसरी लहर पहले की दो लहरों की अपेक्षा ज्यादा खतरनाक होगी और सबसे अधिक बच्चे इसमें वायरस के शिकार होंगे। हालांकि, यह तीसरी लहर कब तक आएगी, इसको लेकर अभी कुछ स्पष्ट दावे नहीं किए गए हैं।

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इस बीच, महाराष्ट्र के अहमदनगर जिले से बच्चों के कोरोना संक्रमित होने के जो आंकड़े सामने आए हैं, वह डराने वाले दिख रहे। महराष्ट्र सरकार की ओर से कोरोना वायरस संक्रमितों के जिलेवार जारी आंकड़ों पर गौर करें तो सिर्फ अहमदनगर जिले में मई महीने में करीब आठ हजार बच्चे कोरोना वायरस से संक्रमित हुए हैं।

वहीं, महाराष्ट्र सरकार ने कोरोना की तीसरी लहर की आशंका को देखते हुए राज्य के सभी अस्पतालों में बच्चों के लिए विशेष रूप से कोरोना वार्ड की तैयारियां शुरू कर दी हैं। सांगली शहर के अस्पताल में बच्चों के लिए कोरोना वार्ड बनाया गया है। यहां फिलहाल पांच बच्चे कोरोना संक्रमित मिले हैं, जिनका इलाज चल रहा है।

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महाराष्ट्र सरकार के मुताबिक, हमें नहीं मालूम की तीसरी लहर कब आएगी और कितनी खतरनाक होगी, मगर हमने अभी से तैयारी शुरू कर दी है। हम अस्पतालों में ऐसा माहौल बनाएंगे, जिससे बच्चों को यह नहीं लगे कि वे बीमार हैं और अस्पताल में है। हम यहां स्कूल और प्री-नर्सरी स्कूल जैसा माहौल उन्हें देने की कोशिश करेंगे, जहां वे खुश रहें और मौज-मस्ती कर सकें।