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खिलाड़ी पर पड़ी Corona की मार, पाई-पाई का हुआ मोहताज, ठेले में बेच रहा है फल, लोग बुलाते हैं केला वाला

Highlights- लॉकडाउन (Lockdown Effect) की मार जितनी गरीब मजदूरों पर पड़ी है- उतनी ही मिडिल क्लास (Middle class) पर भी, इसके साथ ही महंगाई भी दिन पर दिन बढ़ती ही जा रही है- इस लॉकडाउन (Lockdown) की मार का शिकार हुआ है एशियन यूथ एथलेटिक्स चैंपियनशिप (Asian Youth Athletics Championship) के कांस्य पदक (bronze medal) विजेता अली अंसारी (Ali Ansari)

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खिलाड़ी पर पड़ी Corona की मार, पाई-पाई का हुआ मोहताज, ठेले में बेच रहा है फल, लोग बुलाते हैं केला वाला

खिलाड़ी पर पड़ी Corona की मार, पाई-पाई का हुआ मोहताज, ठेले में बेच रहा है फल, लोग बुलाते हैं केला वाला

नई दिल्ली. कोरोना वायरस (Coronavirus) के चलते लॉकडाउन (Lockdown) की वजह से देश में आज करोड़ों लोगों की नौकरियां (Lockdown Jobs) चली गई है। कई करोड़ लोग बेरोजगार (Unemployed) हो गए हैं। उद्योग, बिजनेस (Business During Lockdown) सब बंद हो गया है। लॉकडाउन (Lockdown Effect) की मार जितनी गरीब मजदूरों पर पड़ी है। उतनी ही मिडिल क्लास (Middle class) पर भी। इसके साथ ही महंगाई भी दिन पर दिन बढ़ती ही जा रही है। इस लॉकडाउन (Lockdown) की मार का शिकार हुआ है एशियन यूथ एथलेटिक्स चैंपियनशिप (Asian Youth Athletics Championship) के कांस्य पदक (bronze medal) विजेता अली अंसारी (Ali Ansari)।

खिलाड़ी लॉकडाउन की झेल रहा मार

अली अंसारी (Ali Ansari) कांस्य पदक (bronze medal Winner) विजेता है। उसने देश का नाम रोशन किया है। आज वही विजेता लॉकडाउन की मार झेल रहा है। परिवार में आई आर्थिक तंगी के चलते अली अंसारी आज ठेले में फल बेचने को मजबूर हो गया है।

जारी नहीं रख सकते खेल

यह खिलाड़ी जो देश का नाम रोशन करता है आज ठेले चलाने को मजबूर हो गया है। अली अंसारी दिल्ली के महिपालपुर (Mahipalpur of Delhi) के रहने वाला है। वह कहता है कि कोरोना वायरस के इस दौर में छोटे परिवार के युवा खिलाड़ियों को अपने खेल को जारी रखना बहुत मुश्किल हो गया है।

खिलाड़ी ठेले में बेच रहा है फल

अली अंसारी बताते हैं कि परिवार की आर्थिक रूप से कमजोर होने की वजह से वे आज ठेला चलाने को मजबूर है। दो वक्त की रोटी कमाने के लिए आज वह ठेले में फल बेच रहा है। वे बताते हैं कि लॉकडाउन ने हमारे जीवन को और अधिक कठिन बना दिया है।

केले वाला कह कर बुलाते हैं लोग

देश भर में डंका बजाने वाला मूक एथलीट पाई पाई का मोहताज अली आगे कहते हैं कि मैं पिता की दुकान पर मदद करता हूं। यहां मुझे लोग केले वाला बुलाते हैं, लेकिन क्या कर सकते हैं। परिवार की मदद करने के लिए कुछ न कुछ तो करना ही होगा।


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