सितंबर में खत्म होगा Delhi Metro का लॉकडाउन, 150 दिनों में डीएमआरसी उठा चुका है 1500 करोड का नुकसान

  • अनलॉक-4 ( Unlock-4 ) के पहले पखवाड़े में दिल्ली मेट्रो ( Delhi Metro ) को शुरू करने की मंजूरी दी जा सकती है।
  • कोरोना ( Coronavirus ) से संबंधित सर्दी, जुखाम, बुखार व अन्य लक्षण मिलने पर यात्रियों को वापस लौटा दिया जाएगा।
  • दिल्ली मेट्रो में सफर करने के लिए मोबाइल में आरोग्य सेतू ऐप ( Arogya Setu App ) अनिवार्य।

नई दिल्ली। पिछले पांच माह से कोरोना वायरस महामारी ( Coronavirus Pandemic ) की वजह से दिल्ली मेट्रो ( Delhi Metro ) का परिचालन पूरी तरह से ठप है। डीएमआरसी ( DMRC ) सितंबर से मेट्रो सेवा शुरू करने की तैयारी में है। जानकारी के मुताबिक अनलॉक-4 ( Unlock ) के पहले पखवाड़े में मेट्रो को शुरू करने की मंजूरी दी जा सकती है, लेकिन मगर यह छूट सशर्त होगी। बता दें कि मेट्रो परिचालन ठप होने से डीएमआरसी को अभी तक 1500 करोड़ रुपए का नुकसान हो चुका है।

मेट्रो सेवा ( Metro services ) फिर से बहाल होने के प्रारंभिक चरण में सिर्फ सरकारी इमरजेंसी सेवा ( Emergency Service ) व कुछ अन्य श्रेणी के यात्रियों को ही यात्रा करने की छूट मिलेगी, जिससे मेट्रो स्टेशनों पर भीड़ एकत्रित न हो।

Covid-19 : अगस्त में भारत ने अमरीका को पीछे छोड़ा, अब Corona की रफ्तार सबसे बड़ी मुसीबत

मेट्रो परिचालन के लिए एसओपी तैयार

दूसरी तरफ मेट्रो सेवा शुरू करने को लेकर डीएमआरसी ने परिचालन से जुड़े मानक संचालन प्रक्रिया ( SOP ) तैयार कर लिए हैं। एसओपी के तहत यात्रियों को यात्रा करने से पहले कई शर्तों का पालन करना होगा। जिसमें यात्री के अंदर कोरोना ( Corona Symtoms ) के किसी भी तरह के लक्षण ( सर्दी, जुखाम, बुखार ) न हो। अगर हुआ तो उसे वापस लौटा दिया जाएगा।

आरोग्य सेतू एप अनिवार्य

मोबाइल में आरोग्य सेतू ऐप अनिवार्य होगा। शुरुआती दिनों में केवल स्मार्ट कार्ड रखने वाले यात्री ही सफर कर पाएंगे। यानि टोकन नहीं मिलेगा। टोकन लेने वाले सभी काउंटर व टिकट वेंडिग मशीन बंद रहेंगे।

प्रशांत भूषण बोले - सुप्रीम कोर्ट से दया की भीख नहीं मागूंगा, कोर्ट जो सजा देगी उसे स्वीकार कर लूंगा

पहले 7 दिन केवल सरकारी कर्मचारियों के लिए

जानकारी के मुताबिक दिल्ली सरकार ( Delhi Government ) ने केंद्र सरकार ( Central Government ) को मेट्रो चलाने को लेकर जो प्रस्ताव भेजा है उसके मुताबिक मेट्रो परिचालन के शुरूआती एक सप्ताह में सिर्फ सरकारी कर्मचारियों को ही यात्रा करने का मौका दिया जाएगा। उसके बाद एक सप्ताह बाद उसका समीक्षा की जाए। अगर सब ठीक चल रहा तो उसे बाकी लोगों के लिए ही शुरू किया जाए।

एक कोच में अधिकतम 50 यात्रियों इजाजत

मेट्रो स्टेशन ( Metro Stations ) पर भीड़ न हो इसके लिए स्टेशन के सीमित प्रवेश व निकास गेट खोले जाएंगे। जिससे सभी की ठीक से जांच की जा सके। इसके अलावा मेट्रो की सीट में दो यात्रियों के बीच एक सीट खाली रहेगी। एक कोच में अधिकतम 50 लोग सफर कर पाएंगे। सभी के लिए मास्क लगाना अनिवार्य होगा।

मेट्रो में सफर करने वालों के लिए सोशल डिस्टेंसिंग ( Social Distancing ) पालन करना अनिवार्य होगा। सोशल डिस्टेंसिंग के लिए मेट्रो ट्रेन स्टेशन पर पहले की तुलना में 30 सेकेंड अधिक समय के लिए रूकेगी। ताकि यात्रियों को ट्रेन में चढ़ने व उतरने के लिए पर्याप्त समय मिले। कोच में सीमित संख्या में लोग चढ़े उतरें उसका ख्याल रखा जाएगा।

Bihar में चुनाव से पहले ‘Grand Alliance’ को बड़ा झटका, जीतन राम ने अलग होने का ऐलान किया, NDA में वापसी के संकेत

1500 करोड़ का नुकसान

गौरतबलब है कि कोविद-19 ( Covid-19 ) महमारी के चलते दिल्ली मेट्रो का परिचालन 150 दिन से ठप है। मेट्रो को परिचालन से रोजाना होने वाले 10 करोड़ रूपए का नुकसान हो रहा है। अब तक मेट्रो का अब तक कुल 1500 करोड़ के राजस्व का नुकसान हो चुका है। उसी का नतीजा है कि अब उसके पास जापानी कंपनी से लिए गए लोन चुकाने का भी पैसा नहीं है। मेट्रो ने अगस्त से अपने कर्मियों की सैलरी में मिलने वाले भत्ते भी 50 फीसदी कम कर दिया है।

Coronavirus Pandemic
Show More
Dhirendra
और पढ़े
हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति और कूकीज नीति से सहमत होते हैं।
OK
Ad Block is Banned