
Delhi's popluation
नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में देश के हर हिस्से से आकर लोग बस रहे हैं। वैसे तो भारत की जनसंख्या ही एक चिंता का विषय है, लेकिन जिस तेजी से दिल्ली की आबादी बढ़ रही है वो काफी हैरान करने वाली है। अब संयुक्त राष्ट्र संघ ने भी ये मान लिया है कि अगर इसी तेजी से दिल्ली की आबादी बढ़ती रही तो 2028 तक दिल्ली दुनिया की सबसे ज्यादा आबादी वाली सिटी होगी।
2028 तक दिल्ली होगा सबसे ज्यादा आबादी वाला शहर
गुरुवार को संयुक्त राष्ट्र संघ ने ये अनुमान लगाया है कि 2028 के आसपास दिल्ली दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला शहर हो सकता है। इसके अलावा 2050 तक दुनिया की शहरी आबादी में भारत का योगदान सबसे अधिक होने के आसार हैं। संयुक्त राष्ट्र आर्थिक और सामाजिक मामलों के विभाग (यूएन डीईएसए) के जनसंख्या प्रभाग द्वारा पेश विश्व शहरीकरण संभावनाओं के पुनरावलोकन 2018 रिपोर्ट को आज यहां जारी किया गया। इस रिपोर्ट में कहा गया है कि 2050 तक दुनिया की 68 फीसदी आबादी शहरी क्षेत्रों में रहने का अनुमान है। इस समय दुनिया की 55 प्रतिशत आबादी शहरी क्षेत्रों में रहती है।
भारत की सबसे बड़ी ग्रामीण आबादी है
रिपोर्ट में कहा गया है कि 2028 के आसपास दिल्ली के दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला शहर बनने का अनुमान है। इसमें कहा गया है कि 2028 में नई दिल्ली की अनुमानित आबादी का आकार लगभग 3.72 करोड़ है, जो टोक्यो के 3.68 करोड़ से अधिक है। भारत की सबसे बड़ी ग्रामीण आबादी (89.3 करोड़) है। इसके बाद चीन की (57.8 करोड़) है।
ग्रामीण आबादी के बाद भारत की बढ़ेगी शहरी आबादी
रिपोर्ट में कहा गया है कि भविष्य में दुनिया की शहरी जनसंख्या का आकार बढ़ने की उम्मीद है। भारत, चीन और नाइजीरिया 2018 और 2050 के बीच दुनिया की शहरी आबादी के अनुमानित विकास का 35 प्रतिशत हिस्सा होंगे। 2050 तक, यह अनुमान लगाया गया है कि भारत 41 करोड़ 60 लाख शहरी निवासियों, चीन 25 करोड़ 50 लाख और नाइजीरिया 18 करोड़ 90 लाख शहरी निवासियों को जोड़ेगा।
अभी टोक्यो है दुनिया का सबसे बड़ी आबादी वाला शहर
अभी फिलाहल जापान की राजधानी टोक्यो तीन करोड़ 70 लाख निवासियों के समूह के साथ दुनिया का सबसे बड़ा शहर है। इसके बाद भारत की राजधानी दिल्ली का नंबर आता है, जहां पर दो करोड़ 90 लाख की आबादी है। इसके अलावा तीसरे नंबर पर चीन का शंघाई क्षेत्र है, जहां दो करोड़ 60 लाख की आबादी है। तीसरे नंबर पर मेक्सिको सिटी और साओ पाउलो भी इसी आंकड़े के ही साथ है। काहिरा, मुंबई, बीजिंग और ढाका में लगभग दो-दो करोड़ निवासी हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि 2028 के आसपास दिल्ली के दुनिया का सबसे अधिक आबादी वाला शहर बनने का अनुमान है। इसमें कहा गया है कि 2028 में नई दिल्ली की अनुमानित आबादी का आकार लगभग 3.72 करोड़ है, जो तोक्यो के 3.68 करोड़ से अधिक है।
Published on:
17 May 2018 12:17 pm

बड़ी खबरें
View Allविविध भारत
ट्रेंडिंग
