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भारत में तबाही मचाने के बाद 104 देशों में फैला डेल्टा वेरिएंट, डब्ल्यूएचओ ने कहा- नहीं संभले तो पूरी दुनिया होगी इसकी चपेट में

डब्ल्यूएचओ का दावा है कि डेल्टा वेरिएंट उन लोगों को संक्रमित कर रहा है, जिन्होंने टीका नहीं लिया है। जहां टीकाकरण की दर कम है, वहां के हालात और भी खराब हैं। उन्होंने इस बात की भी चेतावनी दी कि डेल्टा वेरिएंट ज्यादा संक्रामक है और इससे बचना बेहद जरूरी है।  
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Ashutosh Pathak

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Updated: 14 Jul 2021, 7:56 AM IST

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नई दिल्ली।

भारत में कोरोना वायरस (Coronavirus) के संक्रमण की दूसरी लहर के बीच तीसरी लहर ने भी चिंता बढ़ा दी है। डेल्टा और डेल्टा प्लस वेरिएंट के साथ-साथ कप्पा वेरिएंट भी अब हावी हो रहा है। वहीं, डब्ल्यूएचओ यानी विश्व स्वास्थ्य संगठन ने दावा किया है कि कोरोना वायरस का डेल्टा वेरिएंट दुनियाभर में तेजी से फैल रहा है। डब्ल्यूएचओ ने तमाम देशों को आगाह किया है कि अभी 104 देशों में पहुंचने वाला डेल्टा वेरिएंट जल्द ही पूरी दुनिया पर हावी हो सकता है।

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डब्ल्यूएचओ के अनुसार, बीता हफ्ता ऐसा चौथा हफ्ता था, जब दुनियाभर में कोरोना के नए मामले बढऩे का सिलसिला जारी रहा। इससे पहले, बीते दस हफ्ते तक संक्रमण के मामलों में कमी आई थी, मगर एक बार फिर से नए केस बढ़ रहे हैं, जिससे चिंता बढ़ रही है। कोरोना का नया वेरिएंट डेल्टा दुनियाभर में फैल रहा है। इससे संक्रमण के मामले और मौतों की संख्या भी तेजी से बढ़ रही है।

डब्ल्यूएचओ का दावा है कि डेल्टा वेरिएंट उन लोगों को संक्रमित कर रहा है, जिन्होंने टीका नहीं लिया है। जहां टीकाकरण की दर कम है, वहां के हालात और भी खराब हैं। उन्होंने इस बात की भी चेतावनी दी कि डेल्टा वेरिएंट ज्यादा संक्रामक है और इससे बचना बेहद जरूरी है।

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विशेषज्ञों के मुताबिक, डेल्टा वेरिएंट की चपेट में आने से बचने के लिए टीका लगवाना जरूरी है। हालांकि, विशेषज्ञों का यह भी कहना है कि टीका लगवाने के बाद भी अगर कोई चपेट में आता है, तो ज्यादा खतरे की बात नहीं, क्योंकि उसकी सेहत को नुकसान होने की संभावना उन लोगों से कम है, जो बिना टीका लगवाए संक्रमित हो रहे हैं। अमरीका में डेल्टा वेरिएंट से संक्रमित होने वालों की दर 70 से 80 प्रतिशत के करीब है।