
मौसम अपडेटः जलवायु परिवर्तन से बदला बारिश का पैटर्न, 48 घंटे में देश के इन राज्यों में बरसेंगे बदरा
नई दिल्ली। जलवायु परिवर्तन ने देश में बारिश के पैटर्न को प्रभावित कर दिया है। करीब-करीब पूरे देश में इसमें बदलाव दिखने लगा है। देश के 36 मौसम संभागों में से 29 में बारिश का मिजाज बिगड़ चुका है। इनमें से 15 संभागों में औसत बारिश में बढ़ोतरी दर्ज की गई है, जबकि 14 में कमी आई है। सात संभागों में कोई बदलाव नहीं है। मौसम विभाग के मुताबिक आगले 24 घंटों में देश में काफी तेजी मौसम का बदलाव देखने को मिलेगा। एक ओर जहां पूरे देश से दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी होती जा रही है वहीं दूसरी ओर उत्तर-पूर्व की ओर से शीत मानसून के आने की संभावना है। शीत मानसून की वजह से हवाएं ठंडी चलेंगी और तापमान में तेजी से गिरावट दर्ज की जाएगी।
फिर दस्तक दे सकता है तूफान
मौसम विभाग के मुताबिक थाईलैंड और उसके आस-पास निम्न दबाव बना हुआ है, इसके चलते चक्रवात आने की संभावना बनी हुई है। खास बात यह है कि इस तूफान की दिशा दक्षिण-पश्चिम है। यही नहीं अगले 48 घंटे में देश के कई हिस्सों में इस तूफान का असर दिखाई दे सकता है। तूफान से दक्षिण प्रायद्वीपीय भारत का उत्तरी अंडमान सागर और पड़ोसी इलाके प्रभावित हो सकते हैं।
भारी बारिश के साथ सर्द हवाएं बढ़ाएंगी परेशानी
दक्षिण भारत के तटीय इलाके भारी बारिश होने की चेतावनी जारी कर दी गई है। इस दौरान तमिलनाडु, पुडुचेरी और अंडमान निकोबार के कर्इ अलग-अलग स्थानों में बारिश की संभावना है। वहीं तटीय आंध्र प्रदेश, तमिलनाडु और पुडुचेरी और केरल में कुछ इलाकों में तूफानी हवाएं चलेगी। कुछ इलाकों में बादल गरजने व बिजली चमकने के धूल भरी आंधी चलेगी।
हर साल अक्तूबर से दिसंबर तक सक्रिय रहने वाले उत्तर पूर्वी मानसून के कारण पांच दक्षिणी राज्यों में बारिश होती है। यह मानसून दक्षिण पश्चिम मानसून के दौरान बारिश की कमी को पूरा करता है। मौसम विभाग ने इस साल उत्तर पूर्वी मानसून के दौरान दक्षिणी प्रायदीपीय इलाकों में सामान्य बारिश होने की संभावना जतायी गई है।
Published on:
21 Oct 2018 12:32 pm
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