3 फ़रवरी 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

राहत पाने के लिए नीरव मोदी का नया पैतरा, अमरीका की अदालत में दिवालिया होने की लगाई अर्जी

पीएनबी में 11,400 करोड़ रुपए का घोटाला कर फरार मोदी अमरीका में दिवालिया कानून के तहत संरक्षण का दावा किया है।

2 min read
Google source verification

image

Mazkoor Alam

Feb 28, 2018

neerav modi

न्यूयॉर्क : पंजाब नेशनव बैंक में 11,400 करोड़ रुपए का घोटाला कर भारत से फरार आरोपी नीरव मोदी फर भारत में जहां लगातार शिकंजा कसता जा रहा है, वहीं उसकी अंतरराष्ट्रीय आभूषण कारोबार कंपनी फायर स्टार डायमंड ने सोमवार को अमरीका की एक अदालत में दिवालिया कानून के तहत संरक्षण पाने की अर्जी लगाई है। अपनी अर्जी में कंपनी ने दावा किया है कि नकदी और आपूर्ति में दिक्‍कत आने के कारण उनकी कंपनी इस स्थिति में पहुंची है। अदालत में दाखिल दस्तावेजों के अनुसार कंपनी ने 10 करोड़ डॉलर (650 करोड़ रुपए से भी ज्‍यादा ) की संपत्तियों और कर्ज का जिक्र किया है। कंपनी की वेबसाइट पर बताया गया है कि उसका परिचालन अमरीका, यूरोप, पश्चिम एशिया और भारत सहित कई देशों में फैला है। इसी आधार पर वह अमरीकी दिवालिया कानून के तहत राहत पाने की उम्‍मीद कर रहा है। मामला न्‍यूयॉर्क अमरीका के सीन एच लेन की अदालत में दाखिल किया गया है।

ईडी ने गैर जमानती वारंट की मांग की
इधर भारत में प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (पीएमएलए) के तहत अदालत ने नीरव मोदी के विदेशों में व्यापार और संपत्तियों से जुड़ी सूचना हासिल करने के लिए प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को छह देशों को अनुरोध पत्र भेजने की मंजूरी मिलने के बाद अब उसने विशेष अदालत स्त्रे नीरव मोदी के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी करने की मांग की है। विशेष पीएमएलए अदालत के न्यायाधीश एमएस आजमी ने नीरव मोदी के खिलाफ गैर जमानती वारंट जारी करने की मांग से संबंधित याचिका पर ईडी के विशेष वकील हितेन वेनेगांवकर की दलीलें भी सुनीं।

ईडी ने सात और देशों को अनुरोध पत्र भेजने की मांग की
गैरजमानती वारंट के अलावा ईडी ने इस मामले को लेकर 7 और देशों मलेशिया, फ्रांस, आर्मेनिया, जापान, चीन, रूस और बेल्जियम को भी अनुरोध पत्र भेजने की मांग की है। अदालत इस मामले की भी सुनवाई कर रही है। इसके अलावा वह गुरुवार को नीरव मोदी के वकील अंशुल अग्रवाल की उनके मुवक्किल की गैरमौजूदगी में अदालत को संबोधित करने के उनके अधिकार के मुद्दे पर भी सुनवाई करेगी। वेनेगांवकर ने अदालत से कहा कि ईडी ने 15 फरवरी को नीरव मोदी के खिलाफ मामला दर्ज किया था और तब से उसे एजेंसी के सामने पेश होने के लिए तीन बार सम्मन जारी किया जा चुका है, लेकिन वह अब तक हाजिर नहीं हुआ है।

Story Loader