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किसान आंदोलन: 15 दिन के लिए रेल रोको अभियान वापस, 26-27 नवंबर को देशभर से दिल्ली आएंगे अन्नदाता

Highlights. - पंजाब के किसानों ने 15 दिन के लिए रेल रोको अभियान वापस लिया - देशभर से किसान दिल्ली में एकत्रित होने की तैयारी कर रहे हैं - नए कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसान ‘दिल्ली चलो’ मार्च के तहत राजधानी को जोडऩे वाले पांच हाइवे से 26-27 नवंबर को दिल्ली में प्रदर्शन करेंगे
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Ashutosh Pathak

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Updated: 24 Nov 2020, 10:14 AM IST

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नई दिल्ली.

पंजाब में किसानों ने 15 दिन के लिए रेल रोको अभियान वापस ले लिया है, लेकिन देशभर के किसान दिल्ली में एकत्रित होने की योजना बना रहे हैं। केंद्र सरकार के नए कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसान ‘दिल्ली चलो’ मार्च के तहत राजधानी को जोडऩे वाले पांच हाइवे से 26-27 नवंबर को दिल्ली पहुंच प्रदर्शन करेंगे। दिल्ली की अरविंद केजरीवाल सरकार ने रामलीला मैदान और जंतर मंतर पर किसानों को रैली करने की अनुमति नहीं दी है, लेकिन किसान दिल्ली मार्च करने के लिए अड़े हैं।

दिल्ली मार्च को लेकर पिछले सप्ताह ही किसानों की बैठक हुई थी। इस आंदोलन में 500 से ज्यादा किसान संगठन भाग लेंगे। भारतीय किसान यूनियन के अध्यक्ष बलबीर सिंह राजेवाल ने बताया कि 26 नवंबर को किसान दिल्ली में रोड ब्लॉक करेंगे।

उन्होंने कहा, हरियाणा के किसान दिल्ली की तरफ से नेशनल हाईवे ब्लॉक करेंगे। उत्तर प्रदेश के किसानों को रोका गया तो वो भी रोड ब्लॉक करेंगे। देशभर के किसान राजधानी के हर रास्ते को ब्लॉक कर देंगे। इतना ही नहीं जहां भी हमें रोका जाएगा हम वहीं धरने पर बैठ जाएंगे।

500 से अधिक संगठनों का समर्थन

अखिल भारतीय किसान संघर्ष समन्वय समिति, राष्ट्रीय किसान महासंघ और भारतीय किसान संघ के अलग-अलग धड़ों ने तीन नए कृषि कानूनों के खिलाफ संयुक्त किसान मोर्चा बनाया है। 500 संगठनों में समन्वय के लिए 7 सदस्यीय समिति का भी गठन किया गया है।