20 जनवरी 2026,

मंगलवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

जिम्बाब्वे के पूर्व राष्ट्रपति रॉबर्ट मुगाबे का निधन, 37 सालों तक किया था देश का नेतृत्व

7 साल प्रधानमंत्री और 20 साल राष्ट्रपति के तौर पर किया था शासन अपनी नीतियों के लिए झेली थी बगावत भी

less than 1 minute read
Google source verification
Robert Mugabe

हरारे। जिम्बाब्वे से एक बड़ी खबर आ रही है। जिम्बाब्वे के पूर्व राष्ट्रपति रॉबर्ट मुगाबे का 95 वर्ष में निधन हो गया। बताया जा रहा है कि वह काफी दिनों से बीमार चल रहे थे, आखिरकार लंबी बीमारी से लड़ते हुए उन्होंने सिंगापुर के एक अस्पताल में दम तोड़ दिया।

पहले थे प्रधानमंत्री फिर बने राष्ट्रपति

रॉबर्ट मुगाबे 37 सालों तक जिम्बाब्वे के शीर्ष नेता रहे। पहले 1980 से 1987 तक प्रधानमंत्री और बाद में 1987 से 2017 मुगाबे जिम्बाब्वे के राष्ट्रपति रहे थे। उनके निधन के बारे में जिम्बाब्वे के राष्ट्रपति एमर्सन मनांगाग्वा ने एक ट्वीट में जानकारी दी। पोस्ट में उन्होंने लिखा, 'बेहद दुख के साथ मैं ये सूचित कर रहा हूं कि जिम्बाब्वे के जनक और पूर्व राष्ट्रपति रॉबर्ट मुगाबे इस दुनिया में नहीं रहे।'

पोस्ट में उन्होंने लिखा,'मुगाबे स्वतंत्रता के प्रतीक थे। मुगाबे ऐसे अफ्रीकी नेता थे जिन्होंने यहां के लोगों की स्वतंत्रता और सशक्तिकरण में ही अपनी पूरी जिंदगी बीता दी। इतिहास में उनका देश और महाद्वीप के लिए जो योगदान रहा है उसे हमेशा याद किया जाएगा। उनकी आत्मा को शांति मिले।'

इस कारण हुआ था विद्रोह

गौरतलब है कि मुगाबे ने अपने देश को आजादी दिलाने के लिए हुए संघर्ष में बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। इसके बाद उन्होंने 37 वर्षों तक देश में राज भी किया। हालांकि, उनके तानाशाही फैसलों ने देश की अर्थव्यवस्था और सेना को काफी हद तक हानि भी पहुंचाई थी। जिसके बाद उन्हें शासन से हटाने के लिए देशभर में आंदोलन किए गए।