शिकागो में विश्व हिन्दू सम्मलेन: पीएम मोदी ने की हिन्दू दर्शन की तारीफ, मोहन भागवत ने दिया एकजुट होने पर जोर

शिकागो में विश्व हिन्दू सम्मलेन: पीएम मोदी ने की हिन्दू दर्शन की तारीफ, मोहन भागवत ने दिया एकजुट होने पर जोर

Siddharth Priyadarshi | Publish: Sep, 08 2018 10:30:16 AM (IST) | Updated: Sep, 08 2018 10:32:19 AM (IST) विश्‍व की अन्‍य खबरें

स्वामी विवेकानंद के 1893 में दिए गए ऐतिहासिक भाषण की 125वीं वर्षगांठ के अवसर पर शिकागो में विश्व हिंदू सम्मेलन का आयोजन 7 सितम्बर से शुरू हुआ।

शिकागो। स्वामी विवेकानंद के 1893 में दिए गए ऐतिहासिक भाषण की 125वीं वर्षगांठ के अवसर पर शिकागो में आयोजित विश्व हिंदू सम्मेलन में भेजे अपने सन्देश में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा है कि हिंदू दर्शन विश्व की कई समस्याओं का हल दे सकता है।वहीं इस सम्मेलन को संबोधित करते हुए आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने अपने संबोधन में सभी हिंदुओं से एकजुट होने की अपील की है। बता दें कि स्वामी विवेकानंद के 1893 में दिए गए ऐतिहासिक भाषण की 125वीं वर्षगांठ के अवसर पर शिकागो में विश्व हिंदू सम्मेलन का आयोजन 7 सितम्बर से शुरू हुआ।

क्या कहा पीएम ने

पीएम मोदी ने इस कार्यक्रम में भेजे गए अपने संदेश में कहा है कि दुनिया की कई समस्याओं का हल हिन्दू दर्शन और चिंतन में विद्यमान है। पीएम ने हिंदुत्व के विचारों से लोगों को जोड़ने के लिए प्रौद्योगिकी के इस्तेमाल करने का आह्वान किया। पीएम नरेंद्र मोदी ने विश्व हिंदू कांग्रेस को भेजे अपने संदेश में कहा कि हिन्दू धर्म के विभिन्न प्राचीन महाकाव्यों और शास्त्रों को डिजिटल स्वरूप में लाने की जरुरत है। इससे युवा पीढ़ी उनके साथ बेहतर तरीके से जुड़ सकेगी। पीएम ने अपने भेजे संदेश में कहा है, "प्रौद्योगिकी के युग में मैं विशेष रूप से इस सम्मेलन के सम्मानित प्रतिनिधियों का आह्वान करता हूं कि वे उन तरीकों पर विचार करें जिनके इस्तेमाल से हिंदुत्व के विचार से अधिक से अधिक लोगों को जोड़ा जा सकता है।"

आरएसएस प्रमुख मोहन भगवत का संबोधन

विश्व हिंदू सम्मेलन को संबोधित करते हुए राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के प्रमुख मोहन भागवत ने पूरे विश्व के हिन्दू समुदाय से एकजुट होने का आह्वान किया। उन्होंने कहा, "इस 'मुश्किल वक्त' में हिंदू समाज को एकजुट होने की जरुरत है। समय की मांग है कि हिन्दू समाज एकजुट होकर मानव कल्याण के लिए काम करे।"

सम्मेलन को संबोधित करते हुए भागवत ने कहा कि हिन्दू समाज के लोग कभी साथ नहीं आते हैं। भागवत ने कहा कि हिन्दू पहले अपनी जाति देखता है। उसका एक साथ आना मुश्किल है। हिन्दू धर्म की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि हर तरह की परिस्थितियों में भारत दुनिया का आध्यात्मिक गुरु है। उन्होंने कहा कि हिन्दुओं को अपने संस्कार नहीं भूलने चाहिए।

हिन्दुओं को प्रताड़ित किये जाने का आरोप

मोहन भगवन ने अन्य धर्मों पर निशाना साधते हुए कहा कि हिन्दू हजारों वर्षों से प्रताड़ित हो रहे हैं। उन्होंने कहा कि अपने मूल सिद्धांतों का पालन करने से हिन्दुओं को रोका जा रहा है। उन्होंने कहा कि हिन्दू धर्म पर तरह तरह के आरोप लगाए जा रहे हैं।उन्होने कहा कि इन दिनों हिन्दू धर्म के बारे में अनर्गल प्रचार किया जा रहा है।

जानी मानी हस्तियां ले रही हैं हिस्सा

वर्ल्ड हिंदू कांग्रेस आरएसएस सरसंघचालक मोहन भागवत सहित कई प्रमुख व्यक्ति हिस्सा लेंगे। उप राष्ट्रपति वेंकैया नायडू के भी इस कार्यक्रम में कार्यक्रम में हिस्सा लेने की संभावना है। अभिनेता अनुपम खेर, आरएसएस के सह सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले, विचारक मोहनदास पाई, तिब्बत की निर्वासित सरकार के प्रमुख दलाई लामा भी इस कार्यक्रम का हिंसा बनेंगे। आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक श्री श्री रविशंकर भी इस सम्मलेन को सम्बोधित करेंगे। नीति आयोग के पूर्व वाइस चेयरमैन अरविंद पनगढ़िया भी इस कार्यक्रम में मौजूद रहेंगे। विश्व हिन्दू सम्मेलन में 80 देशों के 2,500 से अधिक प्रतिनिधियों के भाग लेने की संभावना है।

खबरें और लेख पड़ने का आपका अनुभव बेहतर हो और आप तक आपकी पसंद का कंटेंट पहुंचे , यह सुनिश्चित करने के लिए हम अपनी वेबसाइट में कूकीज (Cookies) का इस्तेमाल करते है । हमारी वेबसाइट पर कंटेंट का प्रयोग जारी रखकर आप हमारी गोपनीयता नीति (Privacy Policy ) और कूकीज नीति (Cookies Policy ) से सहमत होते है ।
OK
Ad Block is Banned