संघर्ष किसी भी इंसान के जीवन को निखारता है, संवारता है व तराशता है और गढ़कर ऐसा बना देते है, जिसकी प्रशंसा करते ज़ुबान नहीं थकती है। संघर्ष इंसान को जीवन का अनुभव कराता है, सतत सक्रिय बनाता है, हमें जीना सिखाता है। संघर्ष का दामन थामकर न केवल हम आगे बढ़ते हैं, बल्कि जीवन जीने के सही अंदाज़ को हासिल भी कर पाते हैं। आज हम आपको एक इंसान के ऐसी ही संघर्ष भरी ज़िंदगी से अवगत करा रहे हैं। जिसने अपनी ज़िंदगी के कई दिन भूखे पेट मजदूरी करके गुजारे लेकिन आज वही इंसान शारीरिक रूप से दुनिया के सबसे ताकतवर इंसानों में सुमार है।