
Schools Closed: यूपी के इस जिले में 3 दिन बंद रहेंगे नर्सरी से लेकर कक्षा 12 तक के स्कूल | Image Source - Social Media
Schools Closed In Moradabad UP: श्रावण मास में शिवभक्तों की आस्था और कांवड़ यात्रा के बढ़ते प्रभाव को देखते हुए यूपी के मुरादाबाद जिलाधिकारी अनुज सिंह ने बड़ा निर्णय लिया है। जिले में कांवड़ यात्रा के दौरान संभावित भीड़ और ट्रैफिक जाम की स्थिति को देखते हुए डीएम ने स्कूलों में छुट्टी का आदेश जारी किया है। यह आदेश मुरादाबाद महानगर के सभी बेसिक और माध्यमिक स्कूलों पर लागू होगा।
डीएम द्वारा जारी आदेश के अनुसार, मुरादाबाद शहर के नर्सरी से लेकर कक्षा 12 तक के सभी स्कूलों को 21 जुलाई से 23 जुलाई तक बंद रखने का आदेश दिया गया है। इसके अतिरिक्त दिल्ली रोड, कांठ रोड और रामपुर रोड पर स्थित स्कूलों, जो इन मुख्य मार्गों से 5 किलोमीटर की परिधि में आते हैं, उन्हें भी तीन दिन का अवकाश मिलेगा।
डीएम ने केवल एक सप्ताह ही नहीं, बल्कि आने वाले सप्ताहों के लिए भी स्कूलों में अवकाश की घोषणा की है। 26 जुलाई से 28 जुलाई और 2 अगस्त से 4 अगस्त तक स्कूलों को बंद रखने का आदेश दिया गया है। यानी अगले दो सप्ताहांत और सोमवार को भी स्कूलों में पढ़ाई नहीं होगी।
डीएम अनुज सिंह ने स्पष्ट किया है कि श्रावण मास के दौरान हर सोमवार को भारी संख्या में कांवड़िए और श्रद्धालु शिवालयों में जलाभिषेक के लिए पहुंचते हैं। शहर की मुख्य सड़कों और हाईवे पर इस दौरान शिवभक्तों का भारी जमावड़ा होता है, जिससे ट्रैफिक व्यवस्था पर असर पड़ता है और जाम की स्थिति उत्पन्न हो जाती है।
डीएम ने कहा कि कांवड़ यात्रा के दौरान मुख्य मार्गों पर बड़ी संख्या में कांवड़ियों के साथ-साथ स्कूल वैन, ऑटो और बसों की आवाजाही होने से दुर्घटना की आशंका बढ़ जाती है। बच्चों की सुरक्षा और सुचारू ट्रैफिक प्रबंधन को ध्यान में रखते हुए यह फैसला लिया गया है।
जिलाधिकारी ने जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) और जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी (BSA) को आदेश के अनुपालन की जिम्मेदारी सौंपी है। यह आदेश मुरादाबाद जिले के सभी माध्यमिक और बेसिक स्कूलों पर लागू होगा, चाहे वे किसी भी शिक्षा बोर्ड से मान्यता प्राप्त हों।
शिक्षा विभाग को पहले से ही इस बात की जानकारी थी कि श्रावण मास के दौरान मुरादाबाद शहर से गुजरने वाले कांवड़ मार्गों पर यातायात का दबाव अत्यधिक बढ़ जाता है। स्कूल समय और जलाभिषेक का समय लगभग एक ही होने से बच्चों की आवाजाही भी प्रभावित होती है। इस वजह से शिक्षा विभाग ने डीएम को स्थिति से अवगत कराया था, जिसके बाद यह फैसला लिया गया।
डीएम अनुज सिंह ने शहरवासियों से अपील की है कि वे प्रशासन को सहयोग दें और किसी भी प्रकार की अफवाहों से बचें। साथ ही, कांवड़ियों की सुरक्षा और धार्मिक भावनाओं का सम्मान करते हुए, सभी नागरिक धैर्य और संयम बनाए रखें।
Updated on:
20 Jul 2025 06:32 pm
Published on:
20 Jul 2025 06:32 pm
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