यह सनसनीखेज कार्रवाई 2 जुलाई 2025 की तड़के स्टेशन रोड पर हुई, जब पुलिस गश्त पर थी। तस्कर ललित गौतम, बदायूं के आवास विकास कॉलोनी का रहने वाले है। बिलारी तहसील में वह राजस्व लेखपाल था। 10 जुलाई 2024 को एक महिला के मुकदमे और विभागीय लापरवाही के चलते उसे निलंबित कर दिया गया था। निलंबन के बाद वह तहसील के रजिस्ट्रार कानूनगो कार्यालय से संबद्ध था, लेकिन उसका असली चेहरा अब सामने आया है। निलंबित लेखपाल को ही चरस तस्करी का मास्टरमाइंड बताया जा रहा है।