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मुरैना में अत्यधिक बारिश होने पर जमीन फटी, दहशत में आए लोग

-एक दिन में रिकॉर्ड 170 मिमी बारिश, मुरैना गांव में जमीन धसकी, चारा काटने वाली मशीन गिरीं, पेड़ भी धसका-बड़ोखर-गोठियापुरा में मकान ढहे

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मुरैना में अत्यधिक बारिश होने पर जमीन फटी, दहशत में आए लोग

मुरैना में अत्यधिक बारिश होने पर जमीन फटी, दहशत में आए लोग

मुरैना. जिले में अत्यधिक बारिश होने से जनजीवन अस्त व्यस्त हो गया है। एक दिन यानि कि 10 सितंबर को 170 मिमी रिकॉड बारिश दर्ज की गई है। बारिश के चलते महाराजपुर रोड पर जमीन फटने, मुरैना गांव में जमीन धसकने और बड़ोखर और गोठिया पुरा में मकान ढहने की खबर है। हालांकि कहीं जनहानि नहीं हुई लेकिन लोग काफी परेशान होते नजर आ रहे हैं।
महाराजपुर रोड किनारे वार्ड 47 में रविवार की सुबह अचानक जमीन फट गई। यहां दस से 15 फीट गहराई तक जमीन फटने से लोग दहशत में आ गए। सूचना मिलते ही नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष बदन सिंह यादव मौके पर पहुंचे उन्होंने नगर निगम के अधिकारियों को फोन पर अवगत कराया। निगम के कार्यपालन यंत्री प्रदीप जादौन जेसीबी व अमले के साथ मौके पर पहुंचे। जमीन पर हुए गहरे गड्ढे में मटेरियल डलवाकर उसको भरवाया गया। वहीं मुरैना गांव में मनोज डंडोतिया के मकान के आगे सुबह अचानक जमीन धसक गई। जिससे उसमें चारा काटने की मशीन, स्टैंड सहित कूलर उस गहरे गड्ढे में चला गया। वहीं प्राचीन नीम का पेड़ करीब दस फुट गहराई तक उस जमीन में धसक गया। पेड़ के साथ मकान के आगे लगा टीनशैड व कमरे का कुछ हिस्सा भी क्षतिग्रस्त हो गया। मनोज डंडोतिया ने बताया कि टीनशैड में मेरे दादा रामकिशन डंडोतिया और कमरे में रोजाना परिवार के अन्य सदस्य सोते थे लेकिन बारिश के चलते पानी टपक रहा था इसलिए उनमें कोई सोया नहीं अन्यथा हादसा हो सकता था। इसी तरह बारिश के चलते बड़ोखर में एक और गोठिया पुरा में चार मकानों के गिरने की खबर है। हालांकि यहां कोई जनहानि नहीं हुई है। सूचना मिलने पर राजस्व अधिकारियों ने क्षतिग्रस्त मकानों का मौका मुआयना कर पंचनामा तैयार किया है।

दहशत में रहे रहवासी
अचानक जमीन फटने से लोग दशहत में आ गए। नेता प्रतिपक्ष बदन सिंह यादव ने प्रशासनिक अधिकारियों को फोन लगाए लेकिन किसी ने रिसीव नहीं किया। नगर निगम अमला समय पर नहीं पहुंचता तो हादसा हो सकता था।