31 अक्टूबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

अडानी के साथ मंच पर दिखा पूरा पवार परिवार तो भड़की उद्धव सेना, कहा- जिसने एनसीपी तोड़ी उसके साथ…

दिग्गज उद्योगपति गौतम अडानी ने बारामती में एक कार्यक्रम में वरिष्ठ नेता शरद पवार की जमकर तारीफ की। उन्होंने पवार को अपना मेंटर बताया।
3 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

मुंबई

•

image

Dinesh Dubey

•

Updated: 28 Dec 2025, 9:27 PM IST

Gautam Adani Sharad Pawar Uddhav Thackeray

गौतम अडानी के भाई ने तोड़ी शरद पवार की पार्टी, उद्धव की शिवसेना का दावा (Photo: IANS)

Maharashtra Politics: पुणे के बारामती में शरद पवार सेंटर ऑफ एक्सीलेंस इन आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (सीओई-एआई) के उद्घाटन के मौके पर जब पूरा पवार परिवार उद्योगपति गौतम अडानी के साथ एक मंच पर नजर आया, तो महाराष्ट्र की राजनीति में खलबली मच गई। विपक्ष ने इस पर सवाल उठाना शुरू कर दिया है। खासकर उद्धव ठाकरे नीत शिवसेना (UBT) के सांसद संजय राउत ने सनसनीखेज दावा कर सबको चौंका दिया है।

संजय राउत ने आरोप लगाया कि शरद पवार की पार्टी (NCP) को तोड़ने में गौतम अडानी के भाई की भूमिका थी। राउत ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भाजपा पर मुंबई में अडानी के साम्राज्य विस्तार को बढ़ावा देने का आरोप लगाते हुए इसे मुंबई शहर व मराठी भाषी लोगों के लिए घातक बताया।

संजय राउत का सनसनीखेज आरोप

उद्धव गुट के वरिष्ठ नेता संजय राउत ने रविवार को मीडिया से बात करते हुए दावा किया कि शरद पवार की पार्टी (NCP) में हुई फूट के पीछे गौतम अडानी के भाई का हाथ था। राउत ने कहा, "मेरी जानकारी के अनुसार, शरद पवार ने जिस एनसीपी पार्टी की स्थापना की थी, उसे तोड़ने में गौतम अडानी के भाई की भूमिका थी।" उन्होंने आगे कहा कि रोहित पवार अडानी की कार के सारथी (चालक) क्यों बने, इसका जवाब वही दे सकते हैं।

राज्यसभा सांसद राउत ने कहा कि उनका विरोध किसी व्यक्ति से नहीं बल्कि मुंबई के हितों की रक्षा के लिए है। उन्होंने कहा, हमारा विरोध नैतिक है। क्योंकि टाटा, बिरला और अंबानी जैसे कई उद्योगपति मुंबई आए, लेकिन अडानी जैसे कब्जा करने की भूख किसी में नहीं दिखी। उन्होंने आरोप लगाया कि जिस तरह से भाजपा सरकार मुंबई को कंट्रोल करने के लिए अडानी को सपोर्ट कर रही है, वह मराठी लोगों के लिए खतरनाक साबित हो सकता है।

अडानी-पवार के संबंध पर क्या कहा?

हालांकि संजय राउत ने यह भी कहा कि शरद पवार और गौतम अडानी के संबंध राजनीतिक नहीं, बल्कि व्यक्तिगत और पारिवारिक हैं। उन्होंने कहा, "अपने कार्यक्रम में किसे बुलाना है, यह उनका (शरद पवार) अधिकार है। लेकिन वहां मंच पर बगल में ही एनसीपी को दो धड़ों में बांटने वाले अजित पवार भी मौजूद थे।"

क्यों नाखुश हुई उद्धव सेना?

रविवार को बारामती में सीओई-एआई के उद्घाटन के मौके पर गौतम अडानी ने कहा, "मैं खुद को सौभाग्यशाली मानता हूं कि मैं पिछले तीन दशकों से उन्हें (शरद पवार) जानता हूं। वे मेरे 'मेंटर' (मार्गदर्शक) हैं। इस मौके पर शरद पवार की बेटी व बारामती से सांसद सुप्रिया सुले ने अडानी के साथ अपने पारिवारिक संबंधों के बारे में बताया। अपने संबोधन में सुले ने कहा, "अडानी और पवार परिवार के बीच 30 सालों से करीबी संबंध हैं। वह (गौतम अडानी) मेरे लिए बड़े भाई की तरह हैं। जब भी मेरे जीवन में कोई अच्छी या बुरी बात होती है, तो मैं उन्हें बेझिझक बताती हूं। कभी-कभी वे बड़े भाई के हक से मुझे डांटते भी हैं। हमें गर्व है कि उन्होंने पूरी दुनिया में सफलता हासिल की है और आज इस मुकाम पर पहुंचे है।"

बता दें कि जुलाई 2023 में अजित पवार के शिंदे-फडणवीस सरकार में शामिल होने के बाद से ही एनसीपी दो धड़ों में बंट गई थी। तब अधिकतर एनसीपी विधायक अजित पवार के साथ आ गए। अब बारामती के इस कार्यक्रम में शरद पवार, सुप्रिया सुले और अजित पवार का अडानी के साथ एक ही मंच पर दिखना, विपक्षी दलों के भीतर नए मतभेदों का कारण बन रहा है।