24 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

मिसाल है आठ साल की यह बच्ची

भ्रूण हत्या के खिलाफ चलाई 120 किमी साइकिल

less than 1 minute read
Google source verification
मिसाल है आठ साल की यह बच्ची

मिसाल है आठ साल की यह बच्ची

नवी मुंबई. देश भर में महिलाओं के साथ हो रहे अत्याचार एवं भू्रण हत्या जैसे जघन्य अपराध को रोकने के लिए एक 8 वर्षीय बच्ची ने 120 किमी साइकिल चलाकर लोगों में जनजागृति फैलाने का कार्य शुरू किया है। इस दौरान बच्ची के पिता भी उसका साथ रहे। एकविरा मंदिर से शुरू इस अभियान को करीब साढ़े छह घंटे में तय किया गया।
ठाणे के बालकुम की रहने वाली आठ वर्षीय सई आशीष पाटील ने एकविरा देवी मंदिर से 25 दिसंबर को साइकिल लेकर जनजागृति अभियान शुरू की थी, इस दरम्यान बच्ची के पिता आशीष पाटील भी उसके साथ मौजूद थे। आशिष पाटील ने बताया कि सई ने कन्या भू्रण हत्या के साथ बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ एवं पर्यावरण को बचाने के लिए वृक्ष लगाने को लेकर यह जागरूकता अभियान शुरू किया। उसके इस अभियान की सराहना करते हुए पनवेल वासियों ने बच्ची का जमकर सम्मान किया। पनवेल मनपा के सभागृह नेता परेश ठाकुर, नगरसेविका चारु शीला घरत के अलावा भारी संख्या में लोग उसके इस अभियान पर निकलने के दौरान उपस्थित थे। तीसरी कक्षा में पढऩे वालीसई पाटील का नौसेना में जाना देश की सेवा करना चाहती
हैं। इससे पहले सई ने भिवंडी के कशेली में ब्रिटिशकाल में बने 50 फुट ऊंचे पुल से छलांग लगाकर एक अनोखा इतिहास रचा था। इसके अलावा सई ने धरमतर से गेटवे ऑफ इंडिया तथा उरण से कासाचा खडक के बीच के 10 किमी के सफर को तैरकर एक घंटे में पूरा किया था। 21वीं सदी में लड़का-लड़की के बीच भेदभाव किया जा रहा है, इस भेदभाव को मिटाने के उद्देश्य से यह सई नागरिकों में जागरूकता फैलाने के लिए साइकिल लेकर निकल पड़ी हैं। वे गांव-गांव जाकर नागरिकों के बीच भ्रूण हत्या के खिलाफ जनजागृति फैलाकर रही हैं।