
महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी संग्राम शुरू हो चुका है। राज्य में एक चरण में 20 नवंबर को विधानसभा चुनाव के लिए मतदान होगा, जबकि नतीजे 23 नवंबर को घोषित होंगे। इस साल विधानसभा चुनाव में सत्तारूढ़ महायुति और विपक्षी गठबंधन महाविकास अघाडी (MVA) के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिलेगा। राज्य की 288 विधानसभा सीटों के लिए कुल 7 हजार 995 उम्मीदवारों ने नामांकन दाखिल किया है।
महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव के लिए मंगलवार को नामांकन प्रक्रिया खत्म हो गई। इस दौरान बीजेपी के उम्मीदवारों ने सबसे ज्यादा 148 सीटों पर पर्चा भरा। बीजेपी के बाद महाराष्ट्र में कांग्रेस 103 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ रही है। कांग्रेस के उम्मीदवार 103 सीटों पर ताल ठोक रहे हैं। इसके अलावा एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना के 80 प्रत्याशी और अजित पवार की एनसीपी के 53 उम्मीदवार मैदान में हैं। उद्धव ठाकरे की शिवसेना (यूबीटी) ने 89 सीटों पर अपने प्रत्याशी उतारे हैं। इसके अलावा शरद पवार की एनसीपी (एसपी) के प्रत्याशी 87 सीटों पर चुनाव लड़ रहे हैं।
महाराष्ट्र में विधानसभा की वर्तमान स्थिति पर नजर डालें तो बीजेपी के पास 103 विधायक हैं। इसके अलावा शिवसेना के 40 और अजित पवार की एनसीपी के पास 40 विधायक हैं। विपक्षी खेमे की बात करें तो महाविकास अघाड़ी (MVA) में शामिल कांग्रेस के 43 विधायक हैं, जबकि उद्धव ठाकरे की शिवसेना (यूबीटी) के 15 और एनसीपी (शरद पवार) के 13 विधायक हैं।
महाराष्ट्र में इस बार का विधानसभा चुनाव 2024 पिछले विधानसभा चुनाव 2019 की तुलना में काफी अलग है। पिछली बार कांग्रेस और राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एनसीपी) ने एक-साथ मिलकर चुनाव लड़ा था, जबकि शिवसेना और बीजेपी एक-साथ थे। हालांकि, इस बार एनसीपी और शिवसेना दोनों दो धड़ों में बंट गए हैं। अजित पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी और एकनाथ शिंदे की शिवसेना बीजेपी के साथ सियासी अखाड़े में है. जबकि उद्धव ठाकरे नीत शिवसेना (यूबीटी) और शरद पवार के नेतृत्व वाली एनसीपी (एसपी) कांग्रेस के साथ है और विधानसभा चुनाव में सत्तारूढ़ महायुति को चुनौती दे रही है।
Updated on:
30 Oct 2024 08:55 pm
Published on:
30 Oct 2024 08:55 pm
