
Maha Politics: संजय राउत को बाहर निकाल कर पीटा जायेगा
मुंबई . आज के शिवाजी नरेंद्र मोदी नामक पुस्तक को लेकर शुरू हुए राजनीतिक विवाद का रुख अब सीधे शिवाजी के वंशजों पर केंद्रित हो रहा है। यह लड़ाई अब कांग्रेस, एनसीपी ,शिवसेना और भाजप के बीच नहीं बल्कि सीधे-सीधे शिवाजी महाराज के वंशज और शिवसेना के बीच हो गई हैं। शिवसेना ने जिस प्रकार से शिवाजी महाराज के वंशजों पर सवाल उपस्थित किया है उससे मराठा समाज की अग्रिन संस्था क्रांति मोर्चा ने काफी नाराजगी व्यक्त की है।
संगठन ने साफ़ संकेत दिया है कि संजय राउत और एनसीपी नेता जीतेन्द्र अव्हाड को बाहर निकाल कर पीटा जायेगा। संगठन समन्वयक अंकुश कदम ने एक पत्रकार परिषद् में कहा है कि इन दोनों नेताओं ने निचले स्तर तक जाकर बयानबाजी की है। आरोप प्रत्यारोप होते रहते है
लेकिन जिस प्रकार से शिवाजी महाराज के वंशजो को अपमानित किया जा रहा है यह बर्दास्त के बाहर है। इसकी सजा उन्हें मिलना चाहिए। अपने बड़बोलेपन के लिए संजय राउत और जीतेन्द्र अव्हाड चर्चित हैं। लेकिन अब उन्होंने गलत बोलने शुरू किया है। इसका मराठा क्रांति मोर्चा निषेध करता है।
उल्लेखनीय है कि राउत ने शिवजी महाराज के वंशजों को उनके ही खानदान से होने का सबूत मांगा है , तो वही जीतेन्द्र अव्हाड ने कहा है कि शिवाजी के नाम के उपयोग के लिए के लिए सतारा के लोगों से पूछने की आवश्यकता क्या है। इन दोनों नेताओं ने एनसीपी छोड़कर भाजपा में शामिल हुए शिवाजी महाराज के पड़पोते उदयनराजे भोसले को निशाना साधा है। उदयनराजे ने भी एनसीपी सुप्रीमो शरद पवार को भी खरीखोटी सूना चुके हैं।
Published on:
16 Jan 2020 11:54 am
