
संजय राउत और नितेश राणे (Photo- IANS)
शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) नेता और राज्यसभा सांसद संजय राउत द्वारा दायर मानहानि मामले में मुंबई की एक अदालत ने महाराष्ट्र सरकार में मंत्री नितेश राणे के खिलाफ गैर-जमानती वारंट जारी किया है। यह कार्रवाई भाजपा विधायक राणे के लगातार अदालती सुनवाई से गैरहाजिर रहने के चलते की गई है।
मजगांव अदालत के न्यायिक मजिस्ट्रेट प्रथम श्रेणी एए कुलकर्णी ने गुरुवार को मामले कि सुनवाई के दौरान कोंकण क्षेत्र से भाजपा विधायक राणे की उस अर्जी को भी खारिज कर दिया है, जिसमें उन्होंने व्यक्तिगत पेशी से स्थायी छूट की मांग की थी। इसके बाद अदालत ने गैर-जमानती वारंट जारी करते हुए अगली सुनवाई की तारीख 18 जुलाई तय की है।
गौरतलब है कि मई 2023 में नितेश राणे ने राज्यसभा सांसद संजय राउत को कथित तौर पर ‘सांप’ कहा था और दावा किया था कि वे जल्द ही जून 2023 तक उद्धव ठाकरे गुट छोड़कर एनसीपी (तब अविभाजित) में शामिल हो जाएंगे। इस बयान को लेकर राउत ने अदालत का रुख किया था और उनके खिलाफ अपमानजनक और झूठा बयान देने के लिए राणे के खिलाफ मानहानि की शिकायत दर्ज कराई थी।
यह पहली बार नहीं है जब पूर्व केंद्रीय मंत्री नारायण राणे के बेटे नितेश राणे के खिलाफ अदालत ने सख्त रुख अपनाया है। इससे पहले भी सुनवाई में अनुपस्थित रहने पर उनके खिलाफ कई बार वारंट जारी किए जा चुके हैं। अब यह देखना अहम होगा कि 18 जुलाई को अदालत में इस मामले पर क्या अगला कदम उठाया जाता है।
Updated on:
27 Jun 2025 09:09 am
Published on:
27 Jun 2025 09:09 am
