
Shivaji Maharaj statue collapse : महाराष्ट्र के सिंधुदुर्ग में छत्रपति शिवाजी महाराज की प्रतिमा गिरने की घटना पर महाराष्ट्र में राजनीति चरम पर पहुंच गई है। विपक्षी गठबंधन महाविकास आघाडी (एमवीए) आज (1 सितंबर) मुंबई के हुतात्मा चौक से गेटवे ऑफ इंडिया तक विरोध मार्च निकाल रही है। एमवीए ने इसे ‘जूते मारो आंदोलन’ नाम दिया है। इस आंदोलन को लेकर शहर में भारी पुलिस बल तैनात किया गया है। वहीँ, बीजेपी ने एमवीए पर पूरे मामले का राजनीतिकरण करने का आरोप लगाया है।
ताजा जानकारी के मुताबिक, छत्रपति शिवाजी महाराज की मूर्ति ढहने की घटना को लेकर मुंबई में हुतात्मा चौक से गेटवे ऑफ इंडिया तक विरोध मार्च निकाल रहे एमवीए कार्यकर्ताओं और नेताओं को मुंबई पुलिस ने रोक दिया है। हुतात्मा चौक से गेटवे ऑफ इंडिया तक भारी पुलिस बंदोबस्त किया गया है। पुलिस ने अगले आदेश तक गेटवे ऑफ इंडिया को पर्यटकों के लिए बंद कर दिया गया है।
शिवसेना (यूबीटी) प्रमुख उद्धव ठाकरे, पार्टी नेता आदित्य ठाकरे और सांसद संजय राउत और महाराष्ट्र कांग्रेस प्रमुख नाना पटोले भी विरोध मार्च में शामिल हुए।
छत्रपति शिवाजी महाराज की मूर्ति ढहने की घटना को लेकर आज मुंबई में विरोध मार्च निकाल रही एमवीए के खिलाफ बीजेपी ने दादर इलाके में जवाबी प्रदर्शन किया।
सिंधुदुर्ग जिले के मालवण के राजकोट किले पर छत्रपति शिवाजी महाराज की मूर्ति गिरने को लेकर पीएम मोदी ने शुक्रवार को माफी मांगी। लेकिन विपक्ष ने आक्रामक रुख जारी रखा और रविवार को 'जूते मारो' आंदोलन शुरू किया।
इस आंदोलन में शिवसेना (उद्धव ठाकरे), एनसीपी (शरद पवार) और कांग्रेस के तमाम बड़े नेता शामिल हैं। एमवीए नेताओं ने बताया कि मुंबई के हुतात्मा चौक पर एमवीए दलों के सभी नेता एक साथ आएंगे और गेटवे ऑफ इंडिया के पास छत्रपति की प्रतिमा तक मार्च निकालेंगे। इसके बाद प्रतिमा के पास 'जूते मारो' आंदोलन किया जाएगा।
Updated on:
01 Sept 2024 12:07 pm
Published on:
01 Sept 2024 11:59 am

बड़ी खबरें
View Allमुंबई
महाराष्ट्र न्यूज़
ट्रेंडिंग
