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Mhada की महत्वाकांक्षी योजना से मोतीलाल नगर का होगा पुनर्विकास

गोरेगांव के 143 एकड़ में बनेगी माइक्रो सिटी योजना में करीब 30 हजार करोड़ रुपए खर्च होने का अनुमान निवासियों की समस्याओं का होगा समाधान

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Mhada की महत्वाकांक्षी योजना से मोतीलाल नगर का होगा पुनर्विकास

Mhada की महत्वाकांक्षी योजना से मोतीलाल नगर का होगा पुनर्विकास

मुंबई. गोरेगांव पश्चिम में 143 एकड़ भूमि पर फैले मोतीलाल नगर 1, 2 और 3 का पुनर्विकास म्हाडा की ओर से किया जाएगा। उच्च न्यायालय का इस संबंध में आदेश आ चुका है। इस निर्णय के आधार पर म्हाडा ने पुनर्विकास के लिए पहल करते हुए 143 एकड़ जमीन पर माइक्रो सिटी स्थापित करने का निर्णय लिया है। इस योजना में करीब 30 हजार करोड़ रुपए खर्च होने की उम्मीद है। म्हाडा इस माइक्रो सिटी में आधुनिक स्कूल, कॉलेज, अस्पताल, पार्क, महिला छात्रावास और थिएटर बनाने की योजना बना रही है।


पूर्व में कुछ स्थानीय लोगों की ओर से इस प्रकल्प पर अड़ंगा डालने की कोशिश की गई थी। मोतीलालनगर कॉलोनी का सर्वेक्षण कार्य निजी सलाहकार पी.के. दास को इस फर्म को दिया गया था। सर्वे शुरू होने पर कुछ निवासियों ने विरोध किया था। बाद में म्हाडा मुंबई बोर्ड अध्यक्ष मधु चव्हाण ने फिर से इन निवासियों की समस्याएं सुनने के लिए बैठक आयोजित की, उसी दौरान परियोजना का प्रजेंटेशन भी किया गया।


लोगों ने दिया आश्वासन
निवासियों की सटीक संख्या को समझने के लिए एक सर्वेक्षण शुरू किया गया था। पर योजना के बारे में लोगों को पूरी जानकारी नहीं थी, इस संबंधमें कुछ अफावाहोंका भी दौर चला जिससे निवासी भड़क गए थे और सर्वे का उन्होंने विरोध कर दिया था। इससे सर्वेक्षण रोकना पड़ा था। बाद में प्रशासन की ओर से इस गलतफहमी को दूर करने के लिए मीटिंग आदि का आयोजन कर मामले को सुलझाने की कोशिश शुरू की गई थी। इसके बाद निवासियों ने पूर्ण सहयोग का आश्वासन दिया, प्रशासन ने भी लोगों के हित का ख्याल रखने का भरोसा जताया।


किसी के साथ नहीं होगा अन्याय
परियोजना को लागू करते समय स्थानीय लोगों को विश्वास में रखा जाएगा। निवासियों की सभी उचित मांगों को सकारात्मक रूप से माना जाएगा, क्योंकि यह परियोजना मूल रूप से निवासियों के लिए है, इसलिए बिना किसी भेदभाव व पक्षपात के साथ काम होगा।
- मधु चव्हाण, सभापति, मुंबई बोर्ड म्हाडा